आगरा। आगरा-ग्वालियर मार्ग पर बुधवार की सुबह उस वक्त चीख-पुकार मच गई, जब एक अनियंत्रित कंटेनर ने साइकिल सवार मजदूर को बेरहमी से रौंद दिया। इस दर्दनाक हादसे में 35 वर्षीय युवक की मौके पर ही मौत हो गई। घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने हाईवे पर शव रखकर जाम लगा दिया, जिसके चलते आगरा और ग्वालियर दोनों दिशाओं में वाहनों की कई किलोमीटर लंबी कतारें लग गईं। करीब दो घंटे तक चले इस हंगामे के कारण भीषण गर्मी में यात्री और स्कूली बच्चे बेहाल रहे।
मजदूरी पर जा रहा था परिवार का सहारा
प्राप्त जानकारी के अनुसार, थाना सैंया के ग्राम हुलसपुरा निवासी बंटू (35 वर्ष) पुत्र गिरिराज रोजाना की तरह अपनी साइकिल से मजदूरी के लिए घर से निकला था। जैसे ही वह मलपुरा थाना क्षेत्र के बाद गांव स्थित रेलवे ओवरब्रिज के पास पहुंचा, पीछे से आ रहे एक तेज रफ्तार कंटेनर ने उसे अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बंटू ने घटनास्थल पर ही तड़प-तड़प कर दम तोड़ दिया।
हाईवे पर लगा लंबा जाम, प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी
हादसे की सूचना मिलते ही हुलसपुरा गांव से सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। बंटू की मौत से गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने हाईवे के बीचों-बीच धरना देकर रास्ता पूरी तरह बंद कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। लोगों का आरोप था कि हाईवे पर भारी वाहनों की बेलगाम रफ्तार पर कोई अंकुश नहीं है, जिसके कारण आए दिन मासूम लोग काल के गाल में समा रहे हैं।
एंबुलेंस भी फंसी, पुलिस के छूटे पसीने
लगभग दो घंटे तक चले इस चक्काजाम के दौरान हाईवे पर यातायात का पहिया पूरी तरह थम गया। जाम में कई एंबुलेंस और आवश्यक सेवाओं की गाड़ियां भी फंसी रहीं। स्थिति बिगड़ती देख मलपुरा समेत कई थानों की पुलिस फोर्स मौके पर पहुंची। पुलिस अधिकारियों ने गुस्साए ग्रामीणों को घंटों तक समझाया और आरोपी चालक के खिलाफ सख्त कार्रवाई व मुआवजे का आश्वासन दिया।
काफी मशक्कत के बाद ग्रामीण शांत हुए और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा सका। पुलिस ने क्षतिग्रस्त साइकिल और कंटेनर को कब्जे में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। फिलहाल हाईवे पर यातायात सुचारू कर दिया गया है, लेकिन इलाके में तनाव और शोक का माहौल बना हुआ है।

