आगरा, 03 मई: ताजनगरी के पथवारी मैना गेट इलाके में रविवार को इंसानियत को शर्मसार कर देने वाला एक वाकया सामने आया है। यहाँ एक गंदे नाले में नवजात शिशु का शव मिलने से पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। जिस बेरहमी से मासूम के शव को ठिकाने लगाया गया था, उसने समाज में लुप्त होती संवेदनाओं और गिरते मानवीय मूल्यों की पोल खोलकर रख दी है।
डिब्बे में बंद कर फेंकी गई थी मासूम
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, नाले में एक संदिग्ध डिब्बा तैर रहा था, जिससे लोगों का ध्यान तब खिंचा जब कुछ आवारा कुत्ते उसे खींचकर नोचने का प्रयास करने लगे। पास जाकर देखने पर लोगों के होश उड़ गए; डिब्बे के अंदर एक नवजात बच्ची का शव ठुसा हुआ था, जिसका आधा हिस्सा बाहर की ओर लटका था। कयास लगाए जा रहे हैं कि बच्ची को डिब्बे में बंद कर नाले में फेंका गया था, लेकिन फेंकते समय वह डिब्बे से आंशिक रूप से बाहर निकल आई।
मौत के रहस्य पर उलझे लोग
घटनास्थल पर देखते ही देखते राहगीरों और क्षेत्रीय निवासियों का जमावड़ा लग गया। वहां मौजूद लोगों के बीच इस बात को लेकर गहरी चिंता और चर्चा बनी रही कि क्या मासूम को जिंदा ही नाले में फेंक दिया गया था या उसकी मौत के बाद उसे यहाँ लावारिस छोड़ा गया। इस क्रूरता को देख हर किसी की आंखें नम थीं और लोग इस कृत्य को अंजाम देने वाले के खिलाफ आक्रोश व्यक्त कर रहे थे।
सीसीटीवी की मदद से कातिलों की तलाश
सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस दल-बल के साथ मौके पर पहुँची और स्थिति को संभाला। पुलिस ने मासूम के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया है, ताकि मौत के सही समय और कारणों का पता चल सके। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि क्षेत्र में लगे तमाम सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है ताकि उन ‘पत्थर दिल’ लोगों की पहचान की जा सके, जिन्होंने इस जघन्य कृत्य को अंजाम दिया है।

