आगरा। देश सेवा का जज्बा लेकर आगरा पहुंचे युवाओं के सपनों का सौदा करने वाले एक शातिर दलाल को आर्मी इंटेलिजेंस और थाना सदर बाजार पुलिस ने रंगे हाथों दबोच लिया है। एकलव्य स्टेडियम में चल रही अग्निवीर सेना भर्ती प्रक्रिया के बीच, यह आरोपी अभ्यर्थियों को पैसे के दम पर भर्ती कराने का लालच दे रहा था। पकड़े गए संदिग्ध के पास से कुछ रहस्यमयी इंजेक्शन और दस्तावेज बरामद हुए हैं, जिससे भर्ती माफिया के किसी गहरे नेटवर्क की बू आ रही है।
1 लाख दो और फौजी बन जाओ: ठगी का मायाजाल
मामले का खुलासा तब हुआ जब भर्ती में शामिल होने आए अभिषेक राजपूत नामक युवक के पास बमरौली कटरा निवासी नीरेश पहुँचा। आरोपी ने खुद को सेना में ‘ऊंची पहुंच’ वाला बताते हुए दावा किया कि वह मेडिकल और अन्य बाधाओं को चुटकियों में दूर करा सकता है। उसने अभिषेक से सीधे 1 लाख रुपये की मांग की और विश्वास जीतने के लिए अपने मोबाइल में भर्ती से जुड़े कुछ स्क्रीनशॉट दिखाए।
छात्र की समझदारी और इंटेलिजेंस का एक्शन
अभिषेक ने आरोपी के झांसे में आने के बजाय तुरंत आर्मी इंटेलिजेंस को सतर्क कर दिया। सूचना मिलते ही खुफिया एजेंसियां सक्रिय हुईं और स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर जाल बिछाया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को हिरासत में ले लिया। पूछताछ और तलाशी के दौरान उसके पास से मिले इंजेक्शनों ने मामले को और गंभीर बना दिया है।
पुलिस अब इस एंगल पर जांच कर रही है कि क्या इन इंजेक्शनों का इस्तेमाल मेडिकल जांच के दौरान शरीर की क्षमता बढ़ाने या किसी और तरीके से धांधली करने के लिए किया जाना था।
क्या किसी बड़े गिरोह का हाथ है?
पुलिस सूत्रों के अनुसार, पकड़ा गया आरोपी अकेला है या किसी बड़े ‘भर्ती माफिया’ का प्यादा, इसकी सघन जांच की जा रही है। बरामद दस्तावेजों की प्रमाणिकता जांची जा रही है। आशंका है कि भर्ती स्थल के आसपास ऐसे और भी दलाल सक्रिय हो सकते हैं जो युवाओं की घबराहट और सेना में जाने की बेचैनी का फायदा उठाकर उनकी मेहनत की कमाई लूटने की फिराक में रहते हैं।
सेना और पुलिस की चेतावनी: “भर्ती पूरी तरह पारदर्शी है”
इस घटना के बाद सेना और पुलिस प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए अभ्यर्थियों को स्पष्ट संदेश दिया है। अधिकारियों ने कहा है कि सेना भर्ती पूरी तरह योग्यता पर आधारित और पारदर्शी प्रक्रिया है। इसमें पैसे के दम पर चयन कराने का दावा करने वाला हर व्यक्ति धोखेबाज है। युवाओं से अपील की गई है कि वे किसी भी दलाल के संपर्क में न आएं और ऐसे किसी भी संदिग्ध व्यक्ति की जानकारी तत्काल भर्ती अधिकारियों या नजदीकी पुलिस थाने को दें।


