यमुना की लहरों में बहती जिंदगी और सोया हुआ तंत्र, सामूहिक उदासीनता की कीमत कब तक चुकाएंगे मासूम?

12 मई, 2026 की शाम आगरा के एक घाट पर जो हुआ, वह कोई संयोग या महज़ दुर्भाग्य नहीं था। जन्मदिन मनाने आए छह युवा यमुना में उतरे। दो घंटे तक उन्हें बचाने की कोशिशें चलती रहीं, लेकिन अंततः चार बच्चों के शव बाहर निकाले गए। आए दिन ये दुर्घटनाएं हो रही हैं। पुलिस ने […]

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