आगरा, 19 मई। ताजनगरी में आसमान से बरसती आग और लगातार बढ़ते रिकॉर्ड तोड़ तापमान के बीच जिला प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद और अलर्ट मोड में आ गया है। मौसम विभाग (IMD) द्वारा जारी की गई भीषण ‘हीट वेव’ (लू) की गंभीर चेतावनी के बाद जिलाधिकारी मनीष बंसल ने आपदा प्रबंधन के तहत आपातकालीन कदम उठाने शुरू कर दिए हैं।
जिलाधिकारी ने बताया कि आगामी 24 घंटों के साथ-साथ आने वाले दिनों में भी जिले में भीषण और जानलेवा लू चलने की प्रबल आशंका है। वर्तमान में स्थिति यह है कि दोपहर होते ही तेज धूप और थपेड़े मारती गर्म हवाओं के चलते शहर की मुख्य सड़कों और बाजारों में पूरी तरह सन्नाटा पसर जाता है, और लोग केवल बेहद जरूरी काम होने पर ही पूरी एहतियात के साथ घरों से बाहर कदम रख रहे हैं।
सुरक्षा के मद्देनजर नर्सरी से 12वीं तक के सभी स्कूल पहले ही बंद
भीषण गर्मी के इस भयावह प्रकोप को देखते हुए जिला प्रशासन द्वारा कल ही एक बड़ा और संवेदनशील फैसला लिया जा चुका है। बच्चों की सुरक्षा, सेहत और स्वास्थ्य को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए जिले के नर्सरी से लेकर कक्षा 12वीं तक के सभी सरकारी, सहायता प्राप्त और निजी स्कूलों को आगामी आदेश तक बंद करने का सख्त आदेश जारी कर दिया गया था, ताकि मासूमों को जानलेवा लू और हीट स्ट्रोक (धूप लगना) के सीधे खतरे से सुरक्षित रखा जा सके।
राहत कार्यों के लिए ₹33 लाख का विशेष बजट जारी, सार्वजनिक स्थलों पर लगेंगे ग्रीन नेट
प्रशासनिक तैयारियों की जानकारी देते हुए जिलाधिकारी मनीष बंसल ने बताया कि भीषण गर्मी से आम जनता को फौरी राहत पहुंचाने और बचाव कार्यों को धरातल पर उतारने के लिए ₹33 लाख की विशेष धनराशि तत्काल प्रभाव से जारी कर दी गई है। इस बजट से शहर के सभी प्रमुख बाजारों, फल व सब्जी मंडियों, अंतर्राज्यीय बस स्टैंडों, रेलवे स्टेशन के आसपास के क्षेत्रों और अन्य व्यस्त सार्वजनिक स्थलों पर राहगीरों को सीधी धूप से बचाने के लिए युद्धस्तर पर ‘ग्रीन नेट’ (हरी जाली) और अस्थायी शेड लगाने की मुकम्मल व्यवस्था की जा रही है।
इसके साथ ही, नगर निगम और संबंधित विभागों को निर्देशित किया गया है कि अत्यधिक भीड़भाड़ वाले चौराहों और सार्वजनिक स्थानों पर आवश्यकतानुसार पानी के टैंकर खड़े किए जाएं, कूलरों की व्यवस्था हो और आमजन के लिए शुद्ध पेयजल की अतिरिक्त चौकियां स्थापित की जाएं।
SN मेडिकल कॉलेज और जिला अस्पताल में ‘हीट स्ट्रोक वार्ड’ तैयार
चुनौतीपूर्ण मौसम को देखते हुए जिला स्वास्थ्य विभाग को भी विशेष और कड़े दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। आपात स्थिति से निपटने के लिए शहर के सभी प्रमुख सरकारी अस्पतालों और एस.एन. मेडिकल कॉलेज (SNMC) में हीट स्ट्रोक से प्रभावित संभावित मरीजों के त्वरित इलाज के लिए सर्वसुविधायुक्त विशेष ‘हीट स्ट्रोक वार्ड’ (Heat Stroke Wards) आरक्षित कर सक्रिय कर दिए गए हैं।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) सहित सभी डॉक्टरों, पैरामेडिकल स्टाफ और आपातकालीन स्वास्थ्य कर्मियों को 24 घंटे अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति या आपातकालीन कॉल पर मरीजों को बिना किसी देरी के तुरंत जीवन रक्षक उपचार उपलब्ध कराया जा सके।
जिलाधिकारी की अपील: शरीर को रखें हाइड्रेट, बुजुर्ग और बच्चे बरतें विशेष सावधानी
जिलाधिकारी मनीष बंसल ने आगरा के नागरिकों से सीधे तौर पर अपील की है कि जब तक कोई बेहद जरूरी या अनिवार्य काम न हो, दोपहर के समय घरों से बाहर निकलने से पूरी तरह परहेज करें। यदि किसी काम से बाहर निकलना अत्यंत आवश्यक हो, तो अपने सिर और चेहरे को सूती कपड़े, गमछे या टोपी से अच्छी तरह ढककर ही निकलें। अपने साथ पर्याप्त मात्रा में पीने का पानी या ओआरएस (ORS) का घोल अवश्य रखें और थोड़े-थोड़े अंतराल पर पानी पीकर शरीर को लगातार ‘हाइड्रेट’ करते रहें।
प्रशासन ने विशेष रूप से परिवार के बुजुर्गों, छोटे बच्चों और पहले से किसी बीमारी से ग्रसित लोगों को इस मौसम में अतिरिक्त सतर्कता और सावधानी बरतने की सख्त सलाह दी है।


