आगरा। सैंया रोड स्थित नंदिनी हॉस्पिटल में ऑल फार्मासिस्ट संगठन की एक महत्वपूर्ण गोष्ठी आयोजित की गई। इस बैठक में प्रदेश भर से आए फार्मासिस्टों ने अपने अधिकारों, स्वास्थ्य सेवाओं की सुदृढ़ता और संगठन की आगामी रणनीति पर विस्तृत चर्चा की।
प्रमुख मांगें और प्रस्ताव
गोष्ठी के मुख्य अतिथि एवं संगठन के प्रांतीय अध्यक्ष जगपाल सिंह चाहर ने कहा कि फार्मासिस्टों को प्राथमिक उपचार लिखने का वैधानिक अधिकार मिलना चाहिए। उन्होंने कहा, “फार्मा क्लिनिक खोलने की अनुमति मिलने से समाज को झोलाछाप चिकित्सकों के चंगुल से बचाया जा सकेगा और स्वास्थ्य सेवाएं अधिक प्रभावी ढंग से अंतिम व्यक्ति तक पहुंचेंगी।”
संगठन द्वारा सरकार के समक्ष निम्नलिखित प्रमुख मांगे रखी गईं:
फार्मासिस्टों को प्राथमिक उपचार लिखने और फार्मा क्लिनिक खोलने की अनुमति प्रदान की जाए।
सरकारी विभागों में रिक्त पड़े फार्मासिस्टों के पदों पर तत्काल भर्ती प्रक्रिया शुरू हो।
संविदा पर कार्यरत फार्मासिस्टों को नियमित किया जाए और नए पदों का सृजन हो।
बड़े उद्योगों और फैक्ट्रियों में प्राथमिक उपचार केंद्र बनाकर वहां प्रशिक्षित फार्मासिस्टों की नियुक्ति अनिवार्य की जाए।
नवनियुक्त पदाधिकारी
इस अवसर पर संगठन के विस्तार के लिए चंद्रशेखर कुशवाह को संगठन का ‘प्रांतीय कोऑर्डिनेटर’ नियुक्त किए जाने की घोषणा की गई। उनकी नियुक्ति पर उपस्थित सदस्यों ने हर्ष व्यक्त किया और संगठन को नई मजबूती मिलने की उम्मीद जताई।
प्रमुख उपस्थिति
बैठक में देवेंद्र चौधरी, हरिओम कुलश्रेष्ठ, आरबी बघेल, विनोद चौधरी, मुनेंद्र बघेल, एदल सिंह, एसपी सेंगर, मनमोहन पांडेय, राजीव चाहर, श्याम सुंदर चौधरी, वासुदेव, मनमोहन और प्रशांत वर्मा सहित बड़ी संख्या में फार्मासिस्ट मौजूद रहे। अंत में सभी ने अपने अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष को और तेज करने का संकल्प लिया।


