भगवान वाल्मीकि प्रकटोत्सव पर आगरा में निकली भव्य प्रभात फेरी, ताज प्रेस क्लब से सुभाष पार्क मंदिर तक उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़

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आगरा: पावन पर्व भगवान वाल्मीकि प्रकटोत्सव के शुभ अवसर पर सोमवार, 26 अक्टूबर को ताजनगरी आगरा में श्रद्धा, भक्ति और उल्लास का वातावरण देखने को मिला। इस अवसर पर आदि धर्म समाज, वाल्मीकि महापंचायत एवं सेनेटरी सुपरवाइजर संघ के संयुक्त तत्वावधान में वाल्मीकि धर्म प्रचारक रामजीलाल विद्यार्थी के नेतृत्व में एक भव्य एवं विशाल प्रभात फेरी शोभायात्रा निकाली गई।

यह प्रभात फेरी शोभायात्रा प्रातः 9 बजे ताज प्रेस क्लब के समक्ष स्थित भगवान वाल्मीकि मंदिर से वैदिक रीति-रिवाज के साथ शुरू हुई। यात्रा मार्ग में हरिपर्वत चौराहा, सेंट जॉन्स, राजामंडी और एम जी रोड होते हुए इसका समापन सुभाष पार्क के सामने स्थित भगवान वाल्मीकि मंदिर पर हुआ।

​दीप प्रज्वलन व अध्यक्षीय शुभारंभ

शोभायात्रा के शुभारंभ अवसर पर तख्त चौधरी गौरव वाल्मीकि एवं वाल्मीकि धर्म प्रचारक रामजीलाल विद्यार्थी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की। इसके पश्चात वर्ष 2026 के भगवान वाल्मीकि शोभायात्रा अध्यक्ष कुलदीप ब्रह्म ने विधिवत झंडी दिखाकर प्रभात फेरी को गंतव्य की ओर रवाना किया।

​शहीद खां मंडी पर हुआ जोरदार स्वागत

प्रभात फेरी का मार्ग में जगह-जगह श्रद्धालुओं द्वारा पुष्प वर्षा कर स्वागत किया गया। मंडी शहीद खां स्थित वाल्मीकि मंदिर पहुंचने पर वाल्मीकि महापंचायत के कोषाध्यक्ष चौधरी बल्लो प्रसाद खजांची के नेतृत्व में पूरी शोभायात्रा का ढोल-नगाड़ों और माल्यार्पण के साथ भव्य स्वागत किया गया। पूरी यात्रा का कुशल और सफल मंच संचालन चौधरी धर्मराज माथुर और रंजीत नरवार ने संयुक्त रूप से किया।

​विशाल भंडारा एवं सत्संग कार्यक्रम

​शोभायात्रा के समापन स्थल, सुभाष पार्क स्थित भगवान वाल्मीकि मंदिर पर सेनेटरी सुपरवाइजर संघ के संस्थापक राजकुमार विद्यार्थी के सौजन्य से एक विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। भंडारे के उपरांत मंदिर प्रांगण में एक आध्यात्मिक सत्संग कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें वक्ताओं ने भगवान वाल्मीकि जी की शिक्षाओं, आदर्शों और समाज सुधार के संदेशों पर प्रकाश डाला।

इस पावन प्रभात फेरी शोभायात्रा में मुन्नालाल खरे, जय श्री राम खरे, विनोद भाई, महावीर मुनसब, चौधरी रवि चंचल, राजू नरवार, उदय नरवार, जगदीश जादौन, रिंकू सांवरिया, अजीत नरवार, अनिकेत विद्यार्थी, विक्रम चौहान, संजय ओचिया, नारायण चौहान, विमल कुमार गोदरे, भारत विद्यार्थी और हर्ष भाटिया सहित सैकड़ों की संख्या में वाल्मीकि समाज के धर्मानुयायी उपस्थित रहे।