आगरा: ताजनगरी में विश्व मेनोपॉज़ दिवस के अवसर पर महिलाओं के स्वास्थ्य और रजोनिवृत्ति (मेनोपॉज़) के प्रति सामाजिक जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से आगरा मेनोपॉज़ सोसाइटी की ओर से एक भव्य कार रैली का आयोजन किया गया। भारतीय मेनोपॉज़ सोसाइटी (आईएमएस) से संबद्ध संस्था की इस खास पहल के जरिए महिलाओं को जीवन के इस प्राकृतिक पड़ाव में होने वाले शारीरिक व मानसिक बदलावों को समझने, समय पर चिकित्सकीय परामर्श लेने और सकारात्मक जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया गया।
आई लव आगरा सेल्फी पॉइंट से हुआ शुभारंभ
इस जागरूकता कार रैली का शुभारंभ फतेहाबाद रोड स्थित ‘आई लव आगरा’ सेल्फी पॉइंट से हुआ। एडिशनल डीसीपी ट्रैफिक अलका सिंह ने मुख्य अतिथि के रूप में झंडी दिखाकर रैली को गंतव्य के लिए रवाना किया। शहर के विभिन्न प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए यह रैली रामाडा होटल पहुंचकर संपन्न हुई। रैली के दौरान चिकित्सकों ने पंपलेट्स और नारों के माध्यम से संदेश दिया कि मेनोपॉज़ से जुड़ी भ्रांतियों और झिझक को दूर कर महिलाओं को अपने स्वास्थ्य के प्रति खुलकर बात करनी चाहिए।
कन्या पूजन के साथ हुई कार्यक्रम की शुरुआत
शारदीय नवरात्र के पावन पर्व को ध्यान में रखते हुए कार्यक्रम का आगाज धार्मिक आस्था और महिला सम्मान के संगम के साथ हुआ। आयोजन की शुरुआत में एक छोटी बच्ची ऐशना को देवी स्वरूप मानकर चुनरी ओढ़ाई गई और उसका पूजन किया गया। इसके पश्चात जागरूकता अभियान की औपचारिक गतिविधियों को आगे बढ़ाया गया।
वरिष्ठ चिकित्सकों और गणमान्य नागरिकों ने बढ़-चढ़कर लिया हिस्सा
इस पूरे अभियान का कुशल नेतृत्व आगरा मेनोपॉज़ सोसाइटी की अध्यक्षा डॉ. सीमा सिंह और सचिया डॉ. नीलम सिंह ने किया। कार्यक्रम में ताजनगरी की कई नामचीन महिला चिकित्सकों और शहर के गणमान्य नागरिकों ने शिरकत की।
इनमें प्रमुख रूप से डॉ. आरती मनोज, डॉ. सविता त्यागी, डॉ. रजनी पचौरी, डॉ. रत्ना शर्मा, डॉ. शुभाषिनी, डॉ. नीलम रावत, डॉ. विभा भारद्वाज, डॉ. रचित कोहली, डॉ. भावना सिंह, डॉ. राखी, डॉ. रश्मि सिंह, डॉ. मेघना सिंह, डॉ. अर्चना सिंघल, डॉ. कविता भटनागर, डॉ. अंजना चौधरी, डॉ. अमनप्रिया शर्मा, डॉ. भारती बंसल, डॉ. रेनू शर्मा, डॉ. ऋषभ पचौरी, डॉ. भवन सिंह, डॉ. कनिका भटनागर और डॉ. अनिता शर्मा शामिल रहीं। इसके अलावा एडवोकेट अशोक चौबे (डीजीसी रेवेन्यू), अर्निका माहेश्वरी, पूनम शर्मा, मनु उपाध्याय, गीता चौधरी और रश्मि कुलश्रेष्ठ ने भी अभियान में सहभागिता कर अपना समर्थन जताया।
मेनोपॉज़ पर झिझक तोड़ना और सही परामर्श जरूरी
विशेषज्ञों ने जानकारी देते हुए बताया कि मेनोपॉज़ महिलाओं के जीवन का एक स्वाभाविक चरण है। इस दौरान हार्मोनल बदलावों के कारण महिलाओं को कई शारीरिक व मानसिक चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। ऐसे समय में परिवार का सहयोग, पौष्टिक आहार, नियमित व्यायाम और विशेषज्ञ डॉक्टर की सलाह बेहद महत्वपूर्ण होती है। सोसाइटी की इस पहल का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को प्रमाणिक स्वास्थ्य जानकारी उपलब्ध कराना और उन्हें सही समय पर चिकित्सीय सहायता लेने के लिए प्रेरित करना रहा।
