आगरा। ताजनगरी का कमला नगर स्थित श्रीजगन्नाथ मंदिर (इस्कॉन) बुधवार को भक्ति और आध्यात्मिक ऊर्जा के चरम पर रहा। चैतन्य महाप्रभु के प्राकट्योत्सव यानी ‘गौर आविर्भाव महोत्सव’ के अवसर पर मंदिर परिसर में भक्ति की ऐसी बयार बही कि हर श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठा। फूलों की महक और मृदंग की थाप के बीच भक्तों ने अपने आराध्य का जन्मोत्सव हर्षोल्लास के साथ मनाया।
मंगला आरती और भव्य श्रृंगार
उत्सव का शुभारंभ ब्रह्म मुहूर्त में प्रातः 4:30 बजे मंगला आरती के साथ हुआ। भगवान श्रीजगन्नाथ, बलदेव और सुभद्रा जी को विशेष हस्तशिल्पित नवीन पोशाकें धारण कराई गईं। मंदिर में सजाए गए भव्य ‘फूल बंगले’ की छटा देखते ही बन रही थी।
वैदिक मंत्रों के बीच पुष्पाभिषेक
महोत्सव का मुख्य आकर्षण श्रीकृष्ण चैतन्य महाप्रभु और उनके पार्षदों का भव्य अभिषेक रहा। शंखध्वनि और वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच प्रभु का विभिन्न प्रकार के सुगंधित पुष्पों से अभिषेक किया गया। इस्कॉन आगरा के अध्यक्ष अरविन्द स्वरूप ने इस दौरान चैतन्य महाप्रभु के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि उन्होंने ही विलुप्त हो चुके ब्रज को पुनः खोजा और ‘नगर कीर्तन’ के माध्यम से भक्ति आंदोलन को जन-जन तक पहुँचाया।
संकीर्तन पर थिरके भक्त, लगा 56 भोग
संध्या काल में मंदिर परिसर “हरे राम-हरे कृष्णा” के महामंत्र से गुंजायमान हो उठा। मृदंग और मंजीरों की थाप पर युवा, महिलाएं और बुजुर्ग सभी भक्ति में डूबकर नृत्य करने लगे। इस अवसर पर भगवान को 56 भोग अर्पित किए गए, जिसमें चैतन्य महाप्रभु के प्रिय व्यंजन जैसे लौकी की खीर और कटहल के बीज का विशेष प्रसाद शामिल रहा।
इनकी रही गरिमामयी उपस्थिति
इस पावन अवसर पर नितेश अग्रवाल, शैलेन्द्र अग्रवाल, सुनील मनचंदा, सुशील अग्रवाल, नवीन सिंघल, शैलेश बंसल, ओमप्रकाश अग्रवाल, संजय कुकरैजा, राजीव मल्होत्रा सहित शहर के अनेक गणमान्य नागरिक और भारी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

