आगरा। विश्व धरोहर ताजमहल की खूबसूरती के साथ-साथ अब आगरा पुलिस का मानवीय चेहरा भी विदेशी पर्यटकों को आकर्षित कर रहा है। पुलिस आयुक्त दीपक कुमार के निर्देशन में ‘थाना ताज सुरक्षा’ द्वारा संचालित ‘ऑपरेशन टूरिस्ट डिलाइट’ के जरिए पुलिसकर्मी अब पर्यटकों के लिए सुरक्षा कवच के साथ-साथ ‘सांस्कृतिक दूत’ भी बन गए हैं।
’अतिथि देवो भव:’ की भावना से स्वागत
ताजमहल के पश्चिमी गेट पर तैनात पुलिस टीम ने एक नई मिसाल पेश की है। यहाँ आने वाले अमेरिका, जापान, इटली और अन्य देशों के सैलानियों का स्वागत भारतीय परंपरा के अनुरूप ‘अतिथि देवो भव:’ और ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ की भावना के साथ किया गया। पुलिसकर्मियों का यह मित्रवत और संवेदनशील व्यवहार विदेशी मेहमानों के लिए आकर्षण का केंद्र बन गया।
सुरक्षा के साथ-साथ यादगार अनुभव
ताज सुरक्षा थाने की टीम ने पर्यटकों को न केवल सुरक्षा का अभूतपूर्व भरोसा दिलाया, बल्कि उन्हें भारतीय संस्कृति से भी रूबरू कराया। टीम में शामिल उप निरीक्षक पंकज सिंह पटेल, आरक्षी आशु और महिला आरक्षी सुलेखा ने पर्यटकों के साथ शालीनता से संवाद किया और उनकी यात्रा को यादगार बनाने में हर संभव सहायता प्रदान की। पर्यटकों ने पुलिस की इस कार्यशैली की मुक्त कंठ से सराहना करते हुए कहा कि उन्हें यहाँ सुरक्षा के साथ-साथ घर जैसा अपनापन और सम्मान मिला है।
आगरा की वैश्विक छवि को मिल रही मजबूती
पुलिस की इस अनूठी पहल ने ताजमहल भ्रमण के अनुभव को एक सामान्य पर्यटन से बढ़ाकर ‘सांस्कृतिक अनुभव’ में बदल दिया है। ‘ऑपरेशन टूरिस्ट डिलाइट’ न केवल आगरा की पुलिसिंग का एक आधुनिक और सकारात्मक उदाहरण बनकर उभरा है, बल्कि इससे वैश्विक मंच पर ताजनगरी की छवि और अधिक आकर्षक और भरोसेमंद बन रही है। पर्यटन को बढ़ावा देने की दिशा में आगरा पुलिस का यह कदम मील का पत्थर साबित हो रहा है।


