लखनऊ। राजधानी के प्रतिष्ठित चिकित्सा संस्थान संजय गांधी पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (SGPGI) में एक महिला रेजिडेंट डॉक्टर के साथ उत्पीड़न का बेहद शर्मनाक मामला प्रकाश में आया है। संस्थान में एमडी (MD) कर रही पीड़िता ने अपने ही विभाग के एक अन्य डॉक्टर, सचिन गुप्ता पर शादी का झांसा देकर यौन शोषण, मानसिक उत्पीड़न और छवि खराब करने जैसे संगीन आरोप लगाए हैं। आरोपी डॉक्टर फिलहाल फरार है और पुलिस उसकी तलाश में छापेमारी कर रही है।
भरोसा जीतकर शोषण का आरोप
मूल रूप से पश्चिम बंगाल की रहने वाली पीड़िता के अनुसार, दिल्ली निवासी आरोपी डॉक्टर सचिन गुप्ता ने साल 2024 में पहले उनसे दोस्ती की और फिर शादी का प्रस्ताव रखा। आरोप है कि विश्वास जीतने के बाद आरोपी ने महिला डॉक्टर के साथ शारीरिक संबंध बनाए।
पीड़िता का दावा है कि आरोपी उसे नशीला पदार्थ या शराब पिलाकर यौन शोषण करता था और बाद में ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए मंगवाई गई गर्भनिरोधक दवाइयां खाने के लिए मजबूर करता था।
धोखेबाजी और छवि बिगाड़ने की कोशिश
घटनाक्रम में मोड़ तब आया जब पीड़िता को पता चला कि आरोपी डॉक्टर के अन्य लड़कियों के साथ भी संबंध हैं। जब उसने इस पर सवाल किया और शादी का दबाव बनाया, तो आरोपी ने शादी से साफ इनकार कर दिया। पीड़िता का आरोप है कि इसके बाद आरोपी ने पूरे कैंपस में उसके बारे में अपमानजनक अफवाहें फैलाईं ताकि उसकी सामाजिक छवि खराब की जा सके।
लंबी कानूनी लड़ाई के बाद दर्ज हुई FIR
पीड़िता ने अपनी शिकायत में अप्राकृतिक संबंधों के लिए दबाव डालने और जान से मारने की धमकी देने जैसे गंभीर आरोप भी लगाए हैं। बताया जा रहा है कि पीड़िता ने न्याय के लिए विशाखा कमेटी, वन स्टॉप सेंटर और महिला आयोग तक का दरवाजा खटखटाया था। लंबे समय तक चली जद्दोजहद के बाद, पीजीआई कोतवाली में आरोपी डॉक्टर के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज की गई है।
पुलिस की कार्रवाई और छापेमारी
पुलिस के अनुसार, मामला दर्ज होते ही आरोपी डॉक्टर सचिन गुप्ता फरार हो गया है। पुलिस की टीमें उसकी तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि आरोपी की गिरफ्तारी के लिए उसके दिल्ली स्थित पते पर भी कार्रवाई की जाएगी और पीड़िता को पूर्ण न्याय दिलाने के लिए गहन जांच की जा रही है।

