आगरा: ताजनगरी के कमला नगर स्थित श्रीजगन्नाथ मंदिर (इस्कॉन) में भगवान के प्रिय ‘पुरुषोत्तम मास’ के स्वागत की तैयारियां जोरों पर हैं। आगामी 17 मई से 15 जून तक चलने वाले इस भक्ति महापर्व के लिए मंदिर प्रबंधन ने विशेष धार्मिक आयोजनों की रूपरेखा तैयार कर ली है। पूरे एक महीने तक मंदिर परिसर हरिनाम संकीर्तन, दीपदान और दिव्य उत्सवों की आध्यात्मिक सुगंध से महकेगा।
अलौकिक ‘बांकुरा श्रृंगार’ होगा मुख्य आकर्षण
इस विशेष माह के दौरान प्रतिदिन भगवान श्रीजगन्नाथ, बहन सुभद्रा और दाऊ बलभद्र का ‘बांकुरा श्रृंगार’ किया जाएगा। इसमें शंख, चक्र, गदा और दुर्लभ रंग-बिरंगे पुष्पों के जरिए भगवान की अलौकिक सजावट की जाएगी, जो भक्तों के लिए आकर्षण का केंद्र होगी। मंदिर के अध्यक्ष अरविन्द प्रभु ने मंगलवार को आमंत्रण पत्र का विमोचन करते हुए बताया कि पुरुषोत्तम मास भगवान जगन्नाथ को अत्यंत प्रिय है, इसलिए इस समय की गई सेवा और भक्ति का फल कई गुना बढ़कर मिलता है।
भोर से रात तक भक्ति का प्रवाह
मंदिर में उत्सव की शुरुआत हर रोज भोर में 4:30 बजे मंगला आरती के साथ होगी। दिनभर हरिनाम संकीर्तन, कथा वाचन, फूल बंगला और दीपदान जैसे कार्यक्रम अनवरत चलेंगे। रात्रि 9:30 बजे शयन दर्शन के बाद ही दैनिक कार्यक्रमों का विश्राम होगा।
आयोजनों की विशेष तिथियां:
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए मंदिर ने कई विशेष तिथियों पर ‘मनोरथ’ और उत्सव तय किए हैं:
27 मई: भव्य कमल का मनोरथ
31 मई: भगवान का नौका विहार
7 जून: आनंदमयी नन्दोत्सव
11 जून: रसीला आम का मनोरथ
14 जून: गिरिराज गोवर्धन पूजा
15 जून: नरसिम्हा हवन के साथ समापन
आत्मिक शुद्धि का महापर्व
मंदिर से जुड़े नितेश अग्रवाल ने बताया कि सनातन धर्म में तीन साल के अंतराल पर आने वाला अधिक मास (पुरुषोत्तम मास) पुण्य अर्जित करने का सर्वश्रेष्ठ अवसर है। यह समय आत्मिक शुद्धि और प्रभु चरणों में समर्पित होने का है।
आमंत्रण पत्र विमोचन के अवसर पर संजीव बंसल, राजेश मल्होत्रा, संजय कुकरैजा, सूरज, ओमप्रकाश अग्रवाल, राजेश उपाध्याय और अदिति गौरांगी सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।

