कुछ लोग जीवन भर ‘बच्चे’ ही बने रहते हैं, ‘बबुआ’ भी यही करते थे… सीएम योगी का सपा प्रमुख पर तीखा हमला, बोले- भाई-भतीजेवाद में डूबी थी पुरानी सरकारें

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लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में राष्ट्रीय हथकरघा दिवस-2026 के अवसर पर आयोजित भव्य समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शिरकत की। इस दौरान उन्होंने सूबे की कानून-व्यवस्था, विकास कार्यों और पूर्ववर्ती सरकारों की कार्यशैली को लेकर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव पर बेहद तीखा और करारा जुबानी हमला बोला।

सीएम योगी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि वर्ष 2017 से पहले प्रदेश में काबिज रहीं सरकारें पूरी तरह से भाई-भतीजेवाद और भ्रष्टाचार के दलदल में डूबी हुई थीं, जिनके पास राज्य के विकास और जनता के कल्याण के लिए कभी कोई समय ही नहीं था।

​’बबुआ’ की दिनचर्या पर साधा निशाना

​सपा प्रमुख अखिलेश यादव का नाम लिए बिना उनकी जीवनशैली पर तंज कसते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि कुछ लोग जिंदगीभर बच्चे ही बने रहना पसंद करते हैं और हमारे ‘बबुआ’ भी बिल्कुल ऐसा ही करते हैं। उनकी दिनचर्या पर कटाक्ष करते हुए सीएम योगी ने कहा, “वो दोपहर के 12 बजे सोकर उठते थे। इसके बाद दोपहर 2 बजे तक उनके तैयार होने का कार्यक्रम चलता था। जैसे ही शाम के 5 बजते थे, उनके जिम जाने का वक्त हो जाता था और फिर शाम ढलते ही 7 बजे उनकी महफिल सज जाती थी।”

मुख्यमंत्री ने सवालिया लहजे में कहा कि ऐसे लोगों के पास देश और प्रदेश की जनता के बारे में सोचने के लिए आखिर फुर्सत कहां से होती?

​दंगों और अराजकता का दौर था पुराना शासनकाल

पूर्ववर्ती सरकारों के कार्यकाल को याद करते हुए मुख्यमंत्री ने गंभीर आरोप लगाए कि उस दौर में कानून-व्यवस्था की स्थिति पूरी तरह से बेपटरी हो चुकी थी। सूबे में आए दिन दंगे भड़कते थे और महीनों-महीनों तक लगातार कर्फ्यू का साया रहता था। प्रदेश की आधी आबादी यानी महिलाओं की सुरक्षा पर सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा कि उस कालखंड में महिलाओं और बेटियों को सबसे बड़ा खतरा इन्हीं सपाइयों से ही महसूस होता था।

​बुनकरों और कारीगरों को मिला मान-सम्मान

इस विशेष अवसर पर लखनऊ में आयोजित राष्ट्रीय हथकरघा दिवस समारोह के मंच से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हस्तशिल्प और बुनकर क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले प्रतिभाशाली कारीगरों और बुनकरों को प्रतिष्ठित ‘संत कबीर राज्य स्तरीय हथकरघा पुरस्कार’ से सम्मानित किया। इस दौरान ‘हैंडलूम एवं पावरलूम उद्योग विकास योजना’ तथा ‘झलकारी बाई कोरी हथकरघा एवं पावरलूम विकास योजना’ के पात्र लाभार्थियों को वित्तीय सहायता के तौर पर चेक वितरित किए गए। साथ ही, हथकरघा उत्पादों के बड़े क्रेताओं (बायर्स) के साथ व्यापारिक समझौतों के तहत एमओयू (MoU) का भी आदान-प्रदान किया गया।

​डबल इंजन सरकार बुनकरों के उत्थान के लिए प्रतिबद्ध

​समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पारंपरिक हस्तशिल्पियों और बुनकरों का सम्मान, उनका स्वाभिमान और आर्थिक समृद्धि हमारी डबल इंजन सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शुमार है। उन्होंने आश्वस्त किया कि आपके सुनहरे भविष्य और उत्तर प्रदेश की इस प्राचीन व गौरवशाली हस्तशिल्प परंपरा के संरक्षण व संवर्धन के लिए सरकार हर कदम पर आपके साथ मजबूती से खड़ी है।