​आगरा में ‘स्मार्ट मीटर’ पर संग्राम: अकोला के ग्रामीणों ने उखाड़े मीटर, बिजलीघर में लगा दिया ढे़र

स्थानीय समाचार

आगरा। ताजनगरी के अकोला ब्लॉक में स्मार्ट मीटरों को लेकर सुलग रहा असंतोष शुक्रवार को बड़े जनांदोलन में बदल गया। स्मार्ट मीटरों की कार्यप्रणाली और बेतहाशा बढ़ते बिजली बिलों से त्रस्त ग्रामीणों का धैर्य जवाब दे गया, जिसके बाद सैकड़ों की संख्या में लोगों ने अपने घरों के बाहर लगे मीटरों को जड़ से उखाड़ दिया। आक्रोशित जनता इन मीटरों को लेकर सीधे बिजलीघर पहुँची और वहां मीटरों का ढेर लगाकर विभाग के खिलाफ बिगुल फूंक दिया।

​सुबह से ही दिखने लगा था आक्रोश

शुक्रवार सुबह अकोला कस्बे की फिजा बदली हुई थी। स्मार्ट मीटरों से आ रहे अत्यधिक बिलों की समस्या को लेकर ग्रामीण स्थानीय देवी मंदिर परिसर में एकत्रित हुए। यहां से शुरू हुआ विरोध का सिलसिला देखते ही देखते उग्र प्रदर्शन में तब्दील हो गया। ‘स्मार्ट मीटर हटाओ’ के नारों के साथ ग्रामीणों का हुजूम बाजार के रास्तों से होता हुआ पैदल मार्च के रूप में बिजलीघर की ओर कूच कर गया। इस प्रदर्शन की खास बात यह रही कि इसमें पुरुषों के साथ-साथ बड़ी संख्या में महिलाओं ने भी हिस्सा लिया और अपनी नाराजगी दर्ज कराई।

अवैध वसूली और अनियमितता के गंभीर आरोप

ग्रामीणों का स्पष्ट कहना है कि जब से क्षेत्र में स्मार्ट मीटर लगाए गए हैं, तब से उनके बिजली के बिल दो से तीन गुना तक बढ़ गए हैं। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि विभाग को बार-बार सूचित करने के बाद भी कोई सुनने वाला नहीं है। विभाग की इसी अनदेखी और कथित ‘अवैध वसूली’ ने लोगों को कानून हाथ में लेने पर मजबूर कर दिया।

​भाकियू का मिला समर्थन

इस विरोध प्रदर्शन की अगुवाई भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) की जिला अध्यक्ष लवानिया ने की। बिजलीघर के गेट पर ही ग्रामीणों ने अपने साथ लाए गए स्मार्ट मीटरों का ढेर लगा दिया। किसान नेताओं ने दो टूक शब्दों में मांग की है कि स्मार्ट मीटरों की इस दोषपूर्ण व्यवस्था को तुरंत रोका जाए और अब तक आए अनियमित बिलों की निष्पक्ष जांच कराई जाए। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही उनकी समस्याओं का निस्तारण नहीं हुआ, तो यह आंदोलन और भी बड़े स्तर पर किया जाएगा।