आगरा। ताजनगरी के पश्चिमपुरी क्षेत्र स्थित अक्रूर चौक शनिवार को श्रद्धा, परंपरा और तकनीकी प्रगति के एक अद्भुत मिलन का साक्षी बना। श्री वार्ष्णेय सभा द्वारा अक्रूर जी महाराज के जन्मोत्सव के पावन अवसर पर न केवल उनकी भव्य प्रतिमा का अनावरण किया गया, बल्कि समाज को डिजिटल क्रांति से जोड़ते हुए सभा की आधिकारिक वेबसाइट का भी भव्य शुभारंभ किया गया। इस दोहरे आयोजन ने जहाँ क्षेत्र की धार्मिक आभा को नई ऊंचाई दी, वहीं वार्ष्णेय समाज को आधुनिक दौर की संचार व्यवस्था से लैस कर दिया।
शास्त्रीपुरम रोड पर आयोजित इस गरिमामयी समारोह में मुख्य अतिथि राज्यसभा सांसद नवीन जैन, विधायक महेश चंद्र वार्ष्णेय, पूर्व मंत्री रामबाबू हरित और डॉ. संजीव कुमार वार्ष्णेय सहित सभा के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने संयुक्त रूप से अक्रूर जी महाराज की प्रतिमा का अनावरण किया। जैसे ही वैदिक मंत्रोच्चार के बीच प्रतिमा से पर्दा हटा, पूरा अक्रूर चौक ‘जय अक्रूर महाराज’ के उद्घोष से गुंजायमान हो उठा और वातावरण पूरी तरह आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर हो गया।
इस अवसर पर सांसद नवीन जैन ने अपने संबोधन में कहा कि भगवान श्रीकृष्ण के परम भक्त अक्रूर जी का जीवन निस्वार्थ सेवा और अटूट भक्ति का प्रतीक है। उन्होंने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसी प्रतिमाएं हमारी आने वाली पीढ़ियों को सांस्कृतिक गौरव और जड़ों से जोड़े रखने का कार्य करती हैं। विधायक महेश चंद्र वार्ष्णेय ने कहा कि अक्रूर जी की यह प्रतिमा समाज की एकजुटता का केंद्र बनेगी और सनातन मूल्यों को मजबूती देगी।
कार्यक्रम का एक अन्य महत्वपूर्ण आकर्षण समाज की नई वेबसाइट की लॉन्चिंग रही। सभा के अध्यक्ष दाऊ दयाल गुप्ता ने बताया कि श्री वार्ष्णेय सभा (रजि.) आगरा की इस डिजिटल पहल का उद्देश्य समाज की गतिविधियों, वैवाहिक सूचनाओं और संगठनात्मक कार्यक्रमों को एक ही प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराना है। यह वेबसाइट समाज के युवाओं और बुजुर्गों के बीच सेतु का काम करेगी।
मीडिया प्रभारी केएम गुप्ता ने जानकारी दी कि प्रतिमा अनावरण के पश्चात विशाल प्रसाद वितरण का आयोजन हुआ, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं ने सहभागिता की।
कार्यक्रम का सफल संयोजन संजीव, बाबू, राजीव और मुनेंद्र कुमार वार्ष्णेय ने किया। इस दौरान पार्षद प्रवीणा राजावत, विनोद कुमार गुप्ता, सुरेंद्र वार्ष्णेय, लक्ष्मी नारायण और भानु प्रकाश सहित वार्ष्णेय समाज के अनेक प्रबुद्ध नागरिक उपस्थित रहे।


