लखनऊ: उत्तर प्रदेश विधानमंडल के मानसून सत्र के दूसरे दिन सदन के भीतर और बाहर दोनों जगह जबरदस्त राजनीतिक सरगर्मी देखने को मिली। आज सदन की कार्यवाही के दौरान अनुपूरक बजट पेश किया गया, जबकि दूसरी तरफ विपक्ष राम मंदिर में चढ़ावा चोरी और अन्य तमाम मुद्दों को लेकर लगातार विरोध प्रदर्शन करता रहा। सदन की कार्यवाही से बाहर आकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मीडिया के संवाददाताओं से खुलकर बातचीत की और इस दौरान उन्होंने समाजवादी पार्टी (सपा) और कांग्रेस पर बेहद तीखे सियासी निशाने साधे।
मुख्यमंत्री ने कहा, सपा और विपक्ष का आचरण आज पूरे प्रदेश ने विधानसभा में देखा है। ये आचरण ना केवल सदन की अवमानना है बल्कि अलोकतांत्रिक और शर्मनाक भी है। सदन नियमों और परंपराओं से चलता है। उत्तर प्रदेश विधानसभा की प्रक्रिया और संचालन के नियम 59 के तहत ये पहले से ही तय है कि जो मुद्दा किसी न्यायाधिकरण या आयोग के पास लंबित हो, उस मुद्दे पर सदन में चर्चा नहीं हो सकती। विशेष परिस्थितियों में अगर अध्यक्ष ये समझते हैं कि चर्चा के कारण जांच प्रक्रिया में किसी प्रकार का व्यवधान नहीं आता है तो वे अनुमति दे सकते है।
राम मंदिर में चढ़ावा चोरी मामले में मुख्यमंत्री ने कहा कि, ट्रस्ट के अनुरोध पर एसआईटी का गठन किया गया है। 23 जून को SIT ने रिपोर्ट प्रस्तुत की। ट्रस्ट ने 25 जून को एफआईआर कराया। एफआईआर के बाद साक्ष्यों के आधार पर 8 लोगों को गिरफ्तार किया गया। इस मामले में किसी भी साधु संत की संलिप्तता नहीं पाई गई। 1100 से अधिक लोग उस प्रांगण में काम करते हैं जिनमें से 8 लोगों की भूमिका पाई गई। इसके लिए साधु-संतो, अयोध्या भूमि, मंदिर, कर्मचारियों को बदनाम करना, ये आश्चर्यजनक स्थिति है। ये आरोप वे सपा और कांग्रेस लगा रही है जिन्होंने सदैव रामजन्मभूमि और श्री राम का अपमान किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा, सपा ने पवित्र सरयू नदी को रक्तरंजित किया था। संसद के अंदर सपा और कांग्रेस के सांसदों द्वारा जो आक्षेप किए गए, वो सीधे सीधे सनातन का अपमान था। इनका आचरण सनातन विरोधी है। इस प्रकरण में जो लोग भी पकड़े गए हैं, उनका भाजपा और साधु संतों से कोई लेना देना नहीं है। इन लोगों ने सदैव राम मंदिर का विरोध किया। ये वही लोग हैं जो 22 जनवरी 2024 को रामलला की प्राण प्रतिष्ठा में आमंत्रण के बाद भी नहीं गए। आस्था की चर्चा वो लोग कर रहे हैं, जो लोग हिंदुओं और सनातन परंपरा को हमेशा कटघरे में खड़ा करते रहे हैं। ये लोग चर्चा से भागना चाह रहे हैं।
उन्होंने आगे कहा, सपा और कांग्रेस का ऐसा आचरण सनातन का अपमान और 25 करोड़ जनता पर कुठाराघात है। यूपी अब बीमारू राज्य नहीं, किसान अब सुसाइड नहीं कर रहा है। आज यूपी ने खुद को देश में टॉप थ्री इकोनॉमी में खड़ा किया है।
मुख्यमंत्री ने कड़े शब्दों में कहा कि जिन लोगों ने अपने दौर में प्रदेश के नौजवानों के हक और अधिकारों पर डकैती डालने का काम किया था, आज वही समाजवादी पार्टी एक बार फिर से देश के अंदर उत्तर प्रदेश की छवि को धूमिल करने की गंदी कोशिश में जुटी हुई है, जिसे जनता और सरकार कभी सफल नहीं होने देगी।


