आगरा: उत्तर प्रदेश के प्रमुख तीर्थस्थल बटेश्वर को भव्य और आधुनिक स्वरूप देने की दिशा में प्रशासन ने सक्रियता बढ़ा दी है। शुक्रवार को जिलाधिकारी मनीष बंसल ने तीर्थधाम बटेश्वर का विस्तृत दौरा कर वहां पर्यटन एवं संस्कृति विभाग द्वारा संचालित विकास परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण किया। जिलाधिकारी ने निर्माणाधीन मंदिर कॉरिडोर, यज्ञशाला, मल्टीपर्पज हॉल और शॉपिंग कॉम्प्लेक्स के कार्यों को समय सीमा के भीतर पूरा करने के सख्त निर्देश दिए।
काशी की तर्ज पर जगमगाएंगे घाट
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने बटेश्वर की ऐतिहासिक मंदिर श्रृंखला और यमुना घाटों के संरक्षण कार्यों का जायजा लिया। उन्होंने निर्देश दिए कि बनारस की तर्ज पर सभी घाटों पर हाईमास्ट लाइट, फसाड लाइटिंग और एक सेंट्रलाइज्ड पब्लिक अनाउंसमेंट सिस्टम स्थापित किया जाए। इससे न केवल मेलों और विशेष पर्वों पर व्यवस्था बनाने में मदद मिलेगी, बल्कि घाटों पर संगीतमय भजनों का प्रवाह भी बना रहेगा। साथ ही, उन्होंने बटेश्वर के गौरवशाली इतिहास को सहेजने के लिए हर मंदिर पर स्टोन साइनेज लगाने को कहा, जिस पर मंदिर का नाम और उसका ऐतिहासिक महत्व दर्ज होगा।
गुणवत्ता पर नाराजगी और सुधार के आदेश
हेरिटेज कंजर्वेशन कार्यों के दौरान पुराने मंदिरों में लगाए गए दरवाजों की निम्न गुणवत्ता को देखकर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने अधिकारियों को कड़ी चेतावनी देते हुए निर्देश दिए कि काष्ठ कला विशेषज्ञों की सलाह लेकर मंदिर की संस्कृति और इतिहास के अनुरूप उच्च गुणवत्ता वाली लकड़ी के दरवाजे लगाए जाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्माण सामग्री की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
लाइट एंड साउंड शो और म्यूजियम का तोहफा
कार्यदायी संस्था C&DS द्वारा बनाए जा रहे लाइट एंड साउंड शो एरिया, म्यूजियम ब्लॉक, प्रसाद मंडपम और टूरिस्ट इंटरप्रिटेशन सेंटर की प्रगति की समीक्षा करते हुए बताया गया कि यह कार्य 1 अगस्त 2026 तक पूर्ण होना है।
जिलाधिकारी ने मैनपावर और संसाधन बढ़ाकर काम की गति तेज करने को कहा। निरीक्षण के पश्चात जिलाधिकारी ने ब्रह्मलाल जी मंदिर में विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और परिसर की नियमित सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी श्रीमती प्रतिभा सिंह, क्षेत्रीय पर्यटन अधिकारी शक्ति सिंह और एसडीएम बाह विनोद कुमार सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

