फतेहपुर सीकरी। मंगलवार की सुबह फतेहपुर सीकरी क्षेत्र के गांव खेड़ा जाट में एक बेहद भावुक और सुखद घटना सामने आई। प्रसव पीड़ा से जूझ रही एक गर्भवती महिला को अस्पताल ले जाते समय रास्ते में हालत बिगड़ गई, लेकिन 108 एम्बुलेंस की टीम ने तत्परता और सूझबूझ दिखाते हुए एम्बुलेंस के भीतर ही सुरक्षित प्रसव कराकर जच्चा-बच्चा की जान बचा ली। इस सफल प्रयास के बाद एम्बुलेंस में नन्हे शिशु की किलकारियां गूंज उठीं।
अस्पताल ले जाते समय बढ़ा प्रसव का दर्द
घटना मंगलवार सुबह करीब 6 बजे की है। गांव खेड़ा जाट निवासी संगीता पत्नी सोनू को अचानक तेज प्रसव पीड़ा शुरू हुई। परिजनों ने घबराने के बजाय तुरंत 108 एम्बुलेंस सेवा को कॉल किया। सूचना मिलते ही ईएमटी सौरभ सिंह और पायलट कमल कुमार तेजी से मौके पर पहुँचे और महिला को अस्पताल के लिए लेकर निकले।
एम्बुलेंस में ही कराया सुरक्षित प्रसव
रास्ते में ही महिला की प्रसव पीड़ा असहनीय हो गई और डिलीवरी का समय निकट आ गया। स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए ईएमटी सौरभ सिंह ने बिना समय गंवाए एम्बुलेंस को सड़क किनारे सुरक्षित स्थान पर रुकवाया। उन्होंने तत्काल चिकित्सकीय परामर्श लिया और डॉ. अरविंद कुमार के दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए एम्बुलेंस को ही अस्थाई लेबर रूम बना दिया।
टीम की मेहनत रंग लाई और कुछ ही समय में महिला ने एक स्वस्थ शिशु को जन्म दिया। सफल प्रसव के बाद, जच्चा और बच्चा दोनों को फतेहपुर सीकरी स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में भर्ती कराया गया, जहाँ चिकित्सकों ने दोनों को पूरी तरह स्वस्थ घोषित किया है।
परिजनों ने जताया आभार
इस मानवीय सेवा और एम्बुलेंस टीम के त्वरित निर्णय की स्थानीय ग्रामीणों और परिजनों ने भूरि-भूरि प्रशंसा की है। परिजनों ने कहा कि यदि टीम ने समय रहते सूझबूझ न दिखाई होती, तो स्थिति जटिल हो सकती थी। ईएमटी सौरभ सिंह और पायलट कमल कुमार की इस कार्यशैली ने एक बार फिर 108 एम्बुलेंस सेवा के प्रति जनता का विश्वास और अधिक मजबूत कर दिया है।


