आगरा। देश और प्रदेश की प्रारंभिक शिक्षा व्यवस्था को जमीनी स्तर पर मजबूत आधार देने तथा नन्हे-मुन्ने बच्चों को औपचारिक विद्यालय (स्कूल) प्रवेश से पहले मानसिक, भाषाई, शारीरिक और व्यावहारिक रूप से पूरी तरह तैयार करने के उद्देश्य से एक शानदार पहल की गई है। बाल विकास परियोजना आगरा शहर के अंतर्गत शुक्रवार को आंगनबाड़ी केंद्र ‘कौशलपुर-2’ पर एक भव्य ‘स्कूल रेडीनेस मेले’ का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण आगरा की मुख्य विकास अधिकारी (CDO) श्रीमती प्रतिभा सिंह की गरिमामयी उपस्थिति रही, जिन्होंने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। इस अनूठे मेले में बच्चों, उनके अभिभावकों, क्षेत्र की आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों और स्थानीय संभ्रांत लोगों ने बड़े उत्साह और ऊर्जा के साथ सहभागिता की।
खेल-खेल में परखी गई बच्चों की प्रतिभा और संज्ञानात्मक क्षमता
मेले के दौरान 3 से 6 वर्ष के नौनिहालों के सर्वांगीण विकास के लिए शारीरिक, भाषाई, गणितीय, संज्ञानात्मक (Cognitive) तथा खेल पर आधारित कई तरह की मनोरंजक गतिविधियां आयोजित की गईं। इन मजेदार गतिविधियों के माध्यम से यह आंका गया कि बच्चे खेल-खेल में कितनी तेजी से चीजें सीख रहे हैं। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने बच्चों के ‘प्रोग्रेस रिपोर्ट कार्ड’ और स्कूल रेडीनेस (विद्यालय तत्परता) से जुड़े प्रमुख संकेतकों (Key Indicators) की भी विस्तार से समीक्षा की।
मुख्य विकास अधिकारी श्रीमती प्रतिभा सिंह ने स्वयं मेले में लगाए गए विभिन्न स्टॉलों और वहां चल रही गतिविधियों का बहुत बारीकी से अवलोकन किया। उन्होंने वहां मौजूद अभिभावकों, खासकर माताओं से सीधे संवाद कर उनके बच्चों की सीखने की क्षमता, घर के माहौल और उनके समग्र विकास की प्रक्रिया की जमीनी हकीकत जानी।
सीडीओ ने माताओं को समझाया ‘पोर्टफोलियो’ का महत्व
कार्यक्रम के दौरान सीडीओ प्रतिभा सिंह ने विशेष रूप से बच्चों के ‘पोर्टफोलियो’ को लेकर माताओं के साथ एक महत्वपूर्ण चर्चा की। उन्होंने अभिभावकों को प्रेरित करते हुए समझाया ”किसी भी बच्चे की प्रारंभिक शिक्षा और उसके मानसिक विकास में परिवार (विशेषकर मां) की भूमिका सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण होती है। यदि माता-पिता घर पर भी बच्चों के साथ नियमित रूप से छोटे-छोटे संवाद करें और ज्ञानवर्धक गतिविधियां अपनाएं, तो बच्चों की सीखने और समझने की क्षमता दोगुनी तेजी से विकसित होती है।”
जब खुद बच्चों के बीच जमीन पर उतरीं मुख्य विकास अधिकारी
इस मेले का सबसे खूबसूरत पल वह था जब मुख्य विकास अधिकारी श्रीमती प्रतिभा सिंह खुद को बच्चों के बीच जाने से नहीं रोक सकीं। उन्होंने विभिन्न खेल गतिविधियों में स्वयं भाग लेते हुए नन्हे बच्चों और उनकी माताओं का हौसला बढ़ाया। उन्होंने बच्चों से प्यार से बातें कर उनका आत्मविश्वास जगाया। कार्यक्रम के समापन पर सीडीओ ने केंद्र के ‘फीडबैक चार्ट’ पर अपनी सकारात्मक टिप्पणी अंकित कर इस शानदार और व्यवस्थित आयोजन की मुक्तकंठ से सराहना की।
आगरा के हर आंगनबाड़ी केंद्र पर गूंज रही है इसकी गूंज
विभागीय अधिकारियों के अनुसार, इस स्कूल रेडीनेस मेले का मुख्य और दूरगामी उद्देश्य बच्चों को प्राथमिक विद्यालय में दाखिले से पहले औपचारिक शिक्षा के माहौल के अनुकूल ढालना है, ताकि स्कूल जाने पर उन्हें कोई हिचक या डर न रहे। इसके साथ ही, इसके जरिए समुदाय और अभिभावकों को प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल और शिक्षा (ECCE) के महत्व के प्रति जागरूक भी किया जा रहा है।
वर्तमान में यह सराहनीय आयोजन जनपद आगरा के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों पर चरणबद्ध तरीके से किया जा रहा है। आपको बता दें कि इस मेले का सफल आयोजन बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग तथा ‘प्रथम फाउंडेशन’ के संयुक्त तत्वावधान में किया गया।


