तिरुवनंतपुरम। केरल विधानसभा चुनाव 2026 में यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (UDF) की प्रचंड और ऐतिहासिक जीत के बाद राज्य में नई सरकार के गठन की प्रक्रिया अब अपने अंतिम और निर्णायक चरण में पहुंच गई है। राज्य की 140 सदस्यीय विधानसभा में 102 सीटों का विशाल और अभूतपूर्व बहुमत हासिल करने के बाद, मनोनीत मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन सोमवार को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने जा रहे हैं।
इस भव्य और ऐतिहासिक शपथ ग्रहण समारोह से ठीक पहले, उन्होंने अपनी कैबिनेट के मंत्रियों के नामों का आधिकारिक एलान कर दिया है। सतीशन द्वारा तैयार की गई इस नई टीम में प्रशासनिक अनुभव, क्षेत्रीय संतुलन और गठबंधन के साथियों को विशेष तरजीह दी गई है।
20 मंत्रियों की कैबिनेट, गवर्नर को सौंपी गई सूची
केरल की इस नई यूडीएफ सरकार के मंत्रिमंडल में कुल 20 मंत्री शामिल होंगे। मनोनीत मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन ने रविवार को खुद लोक भवन पहुंचकर माननीय राज्यपाल (गवर्नर) राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर से मुलाकात की और उन्हें अपने नए मंत्रिमंडल की आधिकारिक सूची सौंप दी। इस बार के मंत्रिमंडल की सबसे खास और बड़ी बात यह है कि इसमें कांग्रेस के पारंपरिक सहयोगियों का विशेष ख्याल रखा गया है, जिसके तहत इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (IUML) के 5 विधायकों को भी कैबिनेट मंत्री का दर्जा दिया जा रहा है।
त्रिवेंद्रम (तिरुवनंतपुरम) में आयोजित एक हाई-प्रोफाइल प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मुख्यमंत्री मनोनीत वीडी सतीशन ने उन सभी कद्दावर और कद्दावर राजनीतिक चेहरों के नामों की घोषणा की, जो कल राजभवन के विशेष समारोह में उनके साथ पद और गोपनीयता की शपथ लेंगे। इस दौरान उन्होंने विधानसभा के नए अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के नामों पर लगी मुहर की भी जानकारी दी।
रमेश चेन्निथला, सनी जोसेफ और मुरलीधरन जैसे दिग्गज संभालेंगे कमान
वीडी सतीशन द्वारा घोषित की गई आधिकारिक सूची में कांग्रेस और यूडीएफ के कई सबसे बड़े चेहरों को कैबिनेट में शामिल किया गया है। इस सूची में सबसे प्रमुख और वजनदार नाम पूर्व नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस के बेहद वरिष्ठ नेता रमेश चेन्निथला का है। चेन्निथला का कैबिनेट में शामिल होना नई सरकार को प्रशासनिक और रणनीतिक रूप से बेहद मजबूती प्रदान करेगा। उनके अलावा, केरल प्रदेश कांग्रेस कमेटी (KPCC) के मौजूदा अध्यक्ष सनी जोसेफ भी इस कैबिनेट का एक महत्वपूर्ण हिस्सा होंगे, जिससे राज्य संगठन और सरकार के बीच एक बेहतरीन तथा आदर्श समन्वय देखने को मिलेगा।
मंत्रिमंडल की इस फेहरिस्त में एक और बेहद प्रभावशाली नाम के. मुरलीधरन का है, जो कांग्रेस के दिग्गज नेता और केरल के पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय के. करुणाकरन के सुपुत्र हैं। मुरलीधरन को मंत्रिमंडल में शामिल कर पार्टी आलाकमान ने मालाबार और मध्य केरल के जमीनी कार्यकर्ताओं को एक बहुत बड़ा और सकारात्मक राजनीतिक संदेश दिया है।
इसके अलावा, गठबंधन के सबसे मजबूत सहयोगी दल इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग के वरिष्ठ नेता पी.के. कुन्हालीकुट्टी और एम.के. मुनीर के नामों पर भी अंतिम सहमति बन गई है, जिन्हें सरकार में बेहद महत्वपूर्ण और बड़े विभाग सौंपे जा सकते हैं। वहीं, केरल कांग्रेस (जोसेफ) गुट से पी.जे. जोसेफ के नाम की चर्चा भी संभावित मंत्रियों में सबसे आगे चल रही है।
विधायी मामलों की कमान: राधाकृष्णन स्पीकर तो शैनिमोल होंगी डिप्टी स्पीकर
मंत्रिमंडल के चेहरों के भव्य एलान के साथ-साथ मनोनीत मुख्यमंत्री वीडी सतीशन ने विधायी मामलों के सुचारू संचालन के लिए भी दो बेहद अनुभवी और सम्मानित नेताओं के नामों की घोषणा करके सबको चौंका दिया है। पूर्व गृह मंत्री और कांग्रेस के कद्दावर नेता तिरुवांचूर राधाकृष्णन को केरल विधानसभा का नया स्पीकर (अध्यक्ष) मनोनीत किया गया है। राधाकृष्णन को संसदीय नियमों और सदन की मर्यादाओं का लंबा व्यावहारिक अनुभव है, जिससे सदन की कार्यवाही को गरिमापूर्ण तरीके से चलाने में मदद मिलेगी।
दूसरी तरफ, महिला सशक्तिकरण के संकल्प को दोहराने और संगठन व सत्ता में महिलाओं की सक्रिय भागीदारी को मजबूत करने के उद्देश्य से कांग्रेस की वरिष्ठ महिला नेता शैनिमोल उस्मान को विधानसभा का नया डिप्टी स्पीकर (उपाध्यक्ष) बनाया गया है।
शैनिमोल उस्मान अलाप्पुझा और तटीय केरल की क्षेत्रीय राजनीति का एक बेहद लोकप्रिय और मजबूत चेहरा मानी जाती हैं। इन दोनों वरिष्ठ नेताओं की विधायी पदों पर नियुक्ति से यूडीएफ सरकार ने यह बिल्कुल साफ कर दिया है कि वे विधायी कामकाज में पूरी तरह से अनुभव, वरिष्ठता और योग्यता को प्राथमिकता देने जा रहे हैं।
”साढ़े तीन करोड़ जनता की आकांक्षाएं करेंगे पूरी” – वीडी सतीशन
मुख्यमंत्री मनोनीत वीडी सतीशन ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मीडिया से बेहद आत्मविश्वास के साथ बात करते हुए कहा कि यह नई कैबिनेट केरल की साढ़े तीन करोड़ जनता की उम्मीदों और आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए पूरी तरह से वचनबद्ध और प्रतिबद्ध होगी।
उन्होंने भावुक होते हुए कहा, “केरल की महान जनता ने हमें 102 सीटों का जो ऐतिहासिक और प्रचंड जनादेश दिया है, उसे हम राज्य के चहुंमुखी विकास और पारदर्शी सुशासन के जरिए वापस लौटाएंगे। हमारी इस नई कैबिनेट में वरिष्ठों के समृद्ध अनुभव और युवाओं की नई ऊर्जा का एक बेहतरीन संतुलन देखने को मिलेगा, जो राज्य को प्रगति के पथ पर आगे ले जाएगा।”


