प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को देशवासियों को गणेश चतुर्थी की शुभकामनाएं दीं और सभी की प्रसन्नता और समृद्धि की कामना की। प्रधानमंत्री ने ट्वीट किया, ‘‘गणेश चतुर्थी की ढेरों शुभकामनाएं। गणपति बाप्पा मोरया!’’ देशभर में गणेश चतुर्थी का पर्व धूम धाम से मनाया जा रहा है।
पर्युषण पर्व की भी बधाई
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को ही पर्युषण पर्व के अंतिम दिन जैन धर्म के अनुयायियों को शुभकामनाएं दीं और कामना की कि समाज में दया और भाईचारे की भावना सदैव बनी रहे।
मोदी ने एक ट्वीट में कहा, “मिच्चछामि दुक्कड़म। संवत्सरी क्षमा पर जोर देती है। मैं कामना करता हूं कि समाज में किसी के प्रति दुर्भावना न हो और दया व भाईचारे की भावना सदैव बनी रहे।”
पर्युषण पर्व जैन समुदाय का एक प्रमुख त्योहार है जो सात दिनों तक चलता है और ‘संवत्सरी पर्व’ में समाप्त होता है। इस दिन जैन एक-दूसरे को “मिच्चछामि दुक्कड़म” कहकर अपने बुरे कामों के लिए एक दूसरे से क्षमा मांगते हैं हैं और पूरे दिन का उपवास रखते हैं।
‘मिच्चछामि दुक्कड़म’ प्राकृत भाषा के शब्द हैं। मिच्चछामि का अर्थ ‘‘क्षमा’’ और दुक्कड़म का अर्थ ‘‘दुष्ट कर्म या अनजाने में किए गए बुरे कर्मों” के प्रति क्षमा याचना करना।
उपराष्ट्रपति ने भी दीं गणेश चतुर्थी की शुभकामनाएं
उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने बुधवार को गणेश चतुर्थी के अवसर पर देशवासियों को शुभकामनाएं दीं और सभी के जीवन में सौभाग्य, सफलता और खुशहाली की कामना की।
उपराष्ट्रपति कार्यालय की ओर से जारी एक ट्वीट के मुताबिक धनखड़ ने कहा, “देशवासियों को गणेश चतुर्थी की हार्दिक शुभकामनाएं! श्री गणेश रिद्धि, सिद्धि, समृद्धि और शुभता के प्रतीक हैं और गणेश चतुर्थी का यह पावन पर्व हमारी सामाजिक-सांस्कृतिक समरसता का प्रतिबिंब है।”
उन्होंने कहा, “प्रभु गणपति से प्रार्थना करता हूं कि हम सब के जीवन में सौभाग्य, सफलता और खुशहाली लाएं।”
हिंदू उत्सवों में खास गणेश चतुर्थी को भगवान श्री गणेश के जन्मोत्सव के रूप में बड़ी धूम-धाम से मनाया जाता है।
-एजेंसी


