आगरा: बच्चों की तार्किक क्षमता और रचनात्मकता को नई उड़ान देने के लिए देश के प्रतिष्ठित शैक्षिक मंच ‘ब्रेनबी’ ने अपने ‘नेशनल ओलंपियाड 2026’ के आगाज़ की घोषणा कर दी है। इस वर्ष यह प्रतियोगिता अपने अब तक के सबसे भव्य स्वरूप में नजर आएगी, जिसमें देशभर के 2000 से अधिक स्कूलों के छात्र हिस्सा लेंगे। 5 से 15 वर्ष की आयु वर्ग के विद्यार्थियों के लिए आयोजित इस बौद्धिक महाकुंभ का पहला चरण अगस्त माह में शुरू होने जा रहा है।
होटल हॉलिडे इन में पोस्टर विमोचन
मंगलवार को आगरा के हरीपर्वत स्थित होटल हॉलिडे इन में एक गरिमामयी कार्यक्रम के दौरान ओलंपियाड के आधिकारिक पोस्टर का विमोचन किया गया। इस अवसर पर शिक्षा जगत की दिग्गज हस्तियां मौजूद रहीं, जिनमें आगरा आर्कडायसिस के शिक्षा निदेशक फादर डेनिस हेरल्ड डिसूजा, प्रिल्यूड पब्लिक स्कूल के निदेशक डॉ. सुशील गुप्ता, डॉ. रंजना बंसल (अशोक ऑटोसेल्स), गायत्री स्कूल के निदेशक प्रदुमन चतुर्वेदी और डीपीएस की प्रधानाचार्या निधि सिंह शामिल थीं।
अगस्त से शुरू होगा पहला रण
ब्रेनबी की निर्देशिका सोनाली खंडेलवाल ने बताया कि प्रतियोगिता कुल चार चरणों में सालभर चलेगी। पहले चरण (1 से 31 अगस्त) में उत्तर प्रदेश, दिल्ली-एनसीआर, बिहार, महाराष्ट्र और पंजाब समेत कई राज्यों के 500 स्कूलों से करीब 45,000 विद्यार्थी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। खास बात यह है कि बच्चों की सुविधा के लिए परीक्षा ऑनलाइन और ऑफलाइन, दोनों माध्यमों में उपलब्ध रहेगी।
केवल किताबी ज्ञान नहीं, ‘क्रिएटिव स्किल्स’ पर जोर
इस ओलंपियाड की खासियत इसका पाठ्यक्रम है। सोनाली खंडेलवाल के मुताबिक, “हमारा उद्देश्य केवल रटा-रटाया ज्ञान परखना नहीं, बल्कि बच्चों में आत्मविश्वास और ‘आउट ऑफ द बॉक्स’ सोचने की क्षमता विकसित करना है।” प्रतियोगिता को 6 मुख्य विषयों मेंन्टल मैथ, लॉजिकल रीजनिंग, हैंडराइटिंग, ड्राइंग, जीके और स्पेल क्वेस्ट में बांटा गया है, जिन्हें उम्र के हिसाब से 30 अलग-अलग श्रेणियों में वर्गीकृत किया गया है।
इनामों की बारिश: साइकिल से लेकर स्मार्टफोन तक
प्रतिभागियों का उत्साह बढ़ाने के लिए ब्रेनबी ने आकर्षक पुरस्कारों की घोषणा की है। टॉप 60% विद्यार्थियों को बीएसए साइकिल, टैबलेट, स्मार्टफोन, स्मार्ट वॉच और एयरपॉड्स जैसे उपहार दिए जाएंगे। इसके अलावा, हजारों छात्र गोल्ड और सिल्वर मेडल जीतेंगे और हर प्रतिभागी को उसकी ‘नेशनल रैंक’ के साथ सर्टिफिकेट प्रदान किया जाएगा।
तैयारी के लिए डिजिटल सपोर्ट
विद्यार्थी ब्रेनबी की वेबसाइट पर जाकर मॉक टेस्ट और सैंपल पेपर्स के जरिए अभ्यास कर सकते हैं। पिछले 21 वर्षों से शिक्षा के क्षेत्र में नवाचार कर रहीं सोनाली खंडेलवाल ने बताया कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स और आधिकारिक वेबसाइट के जरिए रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया को बेहद सरल बनाया गया है ताकि हर प्रतिभाशाली बच्चे को अपनी पहचान बनाने का मौका मिले।

