आगरा: ताजनगरी के थाना एकता क्षेत्र से एक झकझोर देने वाला और वैवाहिक धोखे का सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहाँ रहने वाली एक विवाहिता को शादी के बाद अपने पति की ऐसी खौफनाक सच्चाई का पता चला, जिसने उसके पैरों तले जमीन खिसका दी। शादी के कुछ ही दिनों बाद पीड़िता को मालूम हुआ कि उसका पति समलैंगिक (गे) है और वह सोशल मीडिया पर लड़की का फर्जी प्रोफाइल बनाकर 200 से अधिक लड़कों से आपत्तिजनक चैट करता था तथा उनके साथ संबंध बनाकर पैसे वसूलता था।
इस काली करतूत की शिकायत जब पीड़िता ने अपने सास-ससुर से की, तो इंसाफ मिलने के बजाय वे बेटे के इलाज के नाम पर मायके से पांच लाख रुपये और कार लाने का दबाव बनाने लगे।
पुलिस स्तर पर सुनवाई न होने के बाद आखिरकार पीड़िता ने अदालत का दरवाजा खटखटाया, जिसके बाद न्यायालय के कड़े रुख और निर्देश पर थाना एकता पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर मामले की गहराई से तफ्तीश शुरू कर दी है।
16 लाख खर्च कर धूमधाम से हुई थी शादी, विदाई के बाद ही मिलने लगे ताने
अदालत में दिए गए प्रार्थना पत्र के अनुसार, पीड़िता का विवाह 22 दिसंबर 2024 को आगरा के ही एक नामी होटल में हिंदू रीति-रिवाज के साथ उज्जैन (मध्य प्रदेश) के रहने वाले एक युवक से हुआ था। बेटी की खुशहाली के लिए पिता ने अपनी हैसियत से बढ़कर और रिश्तेदारों के सहयोग से शादी में करीब 15 से 16 लाख रुपये खर्च किए थे।
ससुराल वालों की मांग के मुताबिक तमाम कीमती सामान और उपहार भी दिए गए थे। आरोप है कि शादी के बाद जैसे ही वह अपने ससुराल पहुंची, वैसे ही सास, ससुर, ननद और ननदोई ने कार और पांच लाख रुपये की अतिरिक्त नकदी की मांग को लेकर उसे मानसिक रूप से प्रताड़ित करना और ताने देना शुरू कर दिया।
पति बनाता रहा दूरी, मोबाइल ने खोला समलैंगिकता का राज
विवाहिता का आरोप है कि सुहागरात के बाद से ही पति ने उससे दूरी बना रखी थी और शारीरिक संबंध बनाने से साफ कतराता रहा। शुरुआत में पति ने ‘एक-दूसरे को समझने’ का बहाना बनाया, लेकिन बाद में पूरी तरह किनारा कर लिया। जब पीड़िता ने खुद पहल की तो पति ने दोटूक शब्दों में कहा कि उसकी इन सब में कोई दिलचस्पी नहीं है, वह केवल पैसों से प्यार करता है। बाद में ससुराल वालों ने भी स्वीकार किया कि उन्होंने सिर्फ दहेज के लालच में यह शादी कराई है ताकि इन पैसों से उनके बेटे का ‘इलाज’ कराया जा सके।
इसी बीच, जब पीड़िता ने गुपचुप तरीके से पति का मोबाइल फोन चेक किया, तो उसके होश उड़ गए। पति सोशल मीडिया पर लड़की बनकर सैकड़ों लड़कों के संपर्क में था और उनके साथ गलत काम करता था। जब पीड़िता ने इस बात का विरोध किया, तो पूरे ससुराल पक्ष ने मिलकर उसे बेरहमी से पीटा, भद्दी गालियां दीं और एक कमरे में बंधक बना दिया। हद तो तब हो गई जब पति ने उसे अपने दोस्तों के पास भेजने की खौफनाक धमकी दी।
अपनों के बीच लौटी पीड़िता, अब कानूनी लड़ाई की तैयारी
ससुराल के इस अमानवीय व्यवहार से डरी-सहमी पीड़िता ने किसी तरह अपने मायके वालों को आपबीती सुनाई, जिसके बाद परिजन ससुराल पहुंचे और 5 मई 2025 को उसे वापस आगरा ले आए। पीड़िता का आरोप है कि उसके सारे कीमती जेवरात, कपड़े और अन्य सामान आज भी ससुराल वालों के अवैध कब्जे में हैं। इस बीच दोनों पक्षों को मिलाकर पंचायत स्तर पर समझौते के प्रयास भी किए गए, जो पूरी तरह नाकाम रहे।
पीड़िता ने न्याय के लिए 9 जून 2025 को महिला थाना रकाबगंज और 17 जून 2025 को पुलिस आयुक्त को लिखित शिकायत दी थी। पुलिस की धीमी और लचर कार्रवाई से परेशान होकर अंततः महिला ने कोर्ट की शरण ली। अब कोर्ट के आदेश के बाद थाना एकता पुलिस ने पति समेत ससुराल के 6 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कानूनी शिकंजा कसना शुरू कर दिया है।


