मुंबई (अनिल बेदाग): शेयर बाजार की अनिश्चितताओं और बदलते दौर के बीच निवेशकों को एक मजबूत और स्मार्ट विकल्प देने के लिए फ्रैंकलिन टेम्पलटन इंडिया ने अपने पहले स्पेशलाइज्ड इन्वेस्टमेंट फंड (SIF) की घोषणा की है। कंपनी ने ‘सफायर इक्विटी लॉन्ग शॉर्ट SIF’ को बाजार में उतारा है, जो पारंपरिक निवेश के तरीकों से अलग ‘क्वांटिटेटिव’ (डेटा-आधारित) रणनीति पर काम करता है। इसका मुख्य उद्देश्य जोखिम को कम करते हुए लंबी अवधि में संतुलित और बेहतर रिटर्न सुनिश्चित करना है।
बाजार की गिरावट में भी सुरक्षा
इस फंड की सबसे बड़ी विशेषता इसका ‘लॉन्ग और शॉर्ट’ मॉडल है। यह फंड केवल शेयर खरीदने (Long) तक सीमित नहीं है, बल्कि बाजार में गिरावट की स्थिति में फायदा उठाने के लिए ‘शॉर्ट पोजीशन’ का भी इस्तेमाल करेगा। यह निफ्टी 500 के शेयरों में निवेश करते हुए लार्ज-कैप, मिड-कैप और स्मॉल-कैप सेगमेंट में एक विस्तृत डाइवर्सिफिकेशन प्रदान करता है।
रणनीति और सुरक्षा का संतुलन
लॉन्च के अवसर पर फ्रैंकलिन टेम्पलटन इंडिया के प्रेसिडेंट अविनाश सतवालकर ने कहा, “आज के अस्थिर बाजार में केवल पारंपरिक तरीके पर्याप्त नहीं हैं। हमें अनुशासित और लचीली रणनीतियों की जरूरत है। हमारा नया SIF उन अनुभवी निवेशकों के लिए तैयार किया गया है जो जोखिम लेने की क्षमता रखते हैं और एक वैज्ञानिक दृष्टिकोण के साथ बेहतर रिटर्न की तलाश में हैं।” उन्होंने स्पष्ट किया कि यह फंड अपने नेट एसेट्स का 25% तक शॉर्ट पोजीशन ले सकता है, जो गिरते बाजार में नुकसान की भरपाई करने में एक मजबूत कवच का काम करेगा।
डेटा का जादू: 40 से ज्यादा फैक्टर्स पर नजर
फंड के पोर्टफोलियो मैनेजर अरिहंत जैन ने तकनीक की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए बताया, “हमारा क्वांटिटेटिव मॉडल बेहद आधुनिक है। हम 40 से अधिक अलग-अलग मानकों (Factors) के आधार पर शेयरों को स्कोर और रैंक करते हैं। इससे हमें यह चुनने में मदद मिलती है कि किन शेयरों में बढ़त की संभावना है और किनमें गिरावट। यह मॉडल बाजार की हर करवट के साथ खुद को ढालने में सक्षम है।”
यह फंड उन निवेशकों के लिए एक नया द्वार खोलता है जो अपनी निवेश यात्रा में आधुनिक तकनीक, गहन रिसर्च और रिस्क मैनेजमेंट का सही संतुलन चाहते हैं।
डिस्क्लेमर- यह आर्टिकल सामान्य जानकारी के लिए ।हम निवेश करने की सलाह नही प्रदान करते है।

