मुंबई (अनिल बेदाग): “छुट्टियां सिर्फ जगह देखने के लिए नहीं, बल्कि उसे महसूस करने के लिए होती हैं।” यह कहना है बॉलीवुड की मशहूर निर्देशिका फराह खान का, जो हाल ही में क्लूक (Klook) के समर कैंपेन के सिलसिले में सिंगापुर के एक बिल्कुल अलग अवतार में नजर आईं। फराह ने इस यात्रा के दौरान साझा किया कि कैसे एक जानी-पहचानी जगह भी आपको हर बार चौंका सकती है, बशर्ते आप बने-बनाए ढर्रे से बाहर निकलने की हिम्मत जुटाएं।
शेफ दिलीप का ‘फर्स्ट टाइम’ अनुभव बना खास
फराह इस बार अकेले नहीं थीं, उनके साथ उनके मशहूर शेफ दिलीप भी थे। फराह के लिए सिंगापुर पुराना था, लेकिन दिलीप के लिए हर नजारा और हर अनुभव पहली बार था। फराह कहती हैं, “मैंने खुद को इस बार सरप्राइज होने दिया। दिलीप की आँखों से हर चीज को पहली बार देखना इस ट्रिप की सबसे बड़ी जान बन गया।”
सोशल मीडिया एल्गोरिदम पर फराह का तंज
आजकल के ‘इंस्टाग्राम’ युग पर कटाक्ष करते हुए फराह ने कहा कि लोग अक्सर सोशल मीडिया के “सेम-सेम” ट्रैवल पैटर्न में फंस जाते हैं। उन्होंने कहा, “एल्गोरिदम आपको वही दिखाता है जो बाकी सब कर रहे हैं। अगर आप सिर्फ लिस्ट फॉलो करेंगे, तो आपकी यादें भी कॉपी-पेस्ट जैसी ही होंगी। असली मज़ा तब है जब आप अपनी जिज्ञासा को फॉलो करें और कुछ नया खोजें।”
क्लूक का ‘अनएक्सप्लोर्ड’ संदेश
क्लूक के इस समर कैंपेन का उद्देश्य भी यही है कि यात्रियों को लोकप्रिय पर्यटन स्थलों के साथ-साथ वहां के छुपे हुए अनुभवों (Hidden Gems) से रूबरू कराया जाए। फराह का संदेश साफ है: अगली बार जब आप छुट्टी की योजना बनाएं, तो ‘प्लान कम और एक्सप्लोर ज्यादा’ करें।
फराह ने कहा “असली ट्रैवल वहीं शुरू होता है, जहाँ आपका तयशुदा प्लान खत्म होता है। खुद को मौका दें कि शहर आपको अपनी खूबसूरती से हैरान कर सके।”

