लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में बहुजन समाज पार्टी (BSP) के इकलौते विधायक उमाशंकर सिंह के ठिकानों पर बुधवार से जारी आयकर विभाग (Income Tax) की छापेमारी गुरुवार को समाप्त हो गई। लखनऊ के विपुलखंड स्थित उनके आवास से टीम को 10 करोड़ रुपये की भारी नकदी बरामद हुई है। हालांकि, विधायक के ऑफिस और अन्य ठिकानों पर विभाग की कार्रवाई अभी भी जारी है।
शादी के स्टीकर और बाराती वाला अंदाज़
आयकर विभाग ने इस ऑपरेशन को बेहद फिल्मी और गोपनीय तरीके से अंजाम दिया। बलिया में विधायक के आवास पर छापा मारने के लिए अधिकारी सरकारी वाहनों के बजाय ऐसी गाड़ियों में पहुंचे जिन पर ‘महेंद्र कुमार संग संगीता कुमारी’ के नाम वाले शादी के स्टीकर लगे थे। इस अनोखी रणनीति की वजह से किसी को शक नहीं हुआ और टीम सीधे उनके घर के भीतर दाखिल हो गई।
6 राज्यों के 30 ठिकानों पर रेड, निशाने पर कई अफसर
बलिया की रसड़ा सीट से विधायक उमाशंकर सिंह के लखनऊ, बलिया, सोनभद्र, कौशांबी, मिर्जापुर और प्रयागराज स्थित 30 से अधिक ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की गई। जांच का मुख्य केंद्र उनकी कंपनी ‘छात्रशक्ति कंस्ट्रक्शन’ और करीबियों के खनन कारोबार रहे। आयकर विभाग को शक है कि सोनभद्र और मिर्जापुर में हुए अवैध खनन घोटाले में कई बड़े नौकरशाहों (ब्यूरोक्रेट्स) की काली कमाई का निवेश किया गया है। टीम के हाथ कई ऐसे दस्तावेज लगे हैं जिनमें अधिकारियों को दी जाने वाली रकम का जिक्र है।
खनन घोटाले से जुड़े हैं तार
उमाशंकर सिंह का नाम पिछले साल तब चर्चा में आया था जब सीएजी (CAG) की रिपोर्ट में सोनभद्र में अवैध खनन से करीब 60 करोड़ रुपये के राजस्व हानि की बात कही गई थी। माना जा रहा है कि इसी रिपोर्ट के आधार पर आयकर विभाग ने बेनामी संपत्तियों और टैक्स चोरी के सुराग जुटाने के लिए यह बड़ी कार्रवाई की है।

