मुंबई। महिलाओं के स्वास्थ्य और ब्रेस्ट कैंसर की शुरुआती पहचान को लेकर भारत में एक नई क्रांति की शुरुआत हुई है। मुंबई के एनएम मेडिकल सेंटर में फूजीफिल्म इंडिया ने देश की पहली अत्याधुनिक एआई-पावर्ड डिजिटल मैमोग्राफी मशीन, ‘एमुलेट सोफिनिटी’ (AMULET SOPHINITY) स्थापित की है। यह तकनीक न केवल कैंसर की सटीक पहचान सुनिश्चित करेगी, बल्कि जांच प्रक्रिया को भी बेहद आसान और आरामदायक बना देगी।
कैंसर से जंग में अत्याधुनिक तकनीक का सहारा
भारत में ब्रेस्ट कैंसर की बढ़ती दर को देखते हुए, यह पहल एक मील का पत्थर साबित हो सकती है। एआई आधारित यह मशीन पारंपरिक मैमोग्राफी की तुलना में कहीं अधिक स्पष्ट और सटीक इमेजिंग प्रदान करती है। इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि यह बहुत कम रेडिएशन का उपयोग करती है, जिससे स्वास्थ्य जोखिम न्यूनतम हो जाते हैं।
क्या है इस मशीन की खासियत?
3D इमेजिंग (टोमोसिंथेसिस): शरीर के आंतरिक अंगों की बारीकी से जांच।
स्मार्ट पोजीशनिंग: जांच के दौरान महिलाओं को होने वाली असुविधा में कमी।
ऑटोमैटिक डिकंप्रेशन: पूरी प्रक्रिया को सहज और तनावमुक्त बनाने वाली तकनीक।
विशेषज्ञों की राय
फूजीफिल्म इंडिया के प्रबंध निदेशक, कोजी वाडा ने कहा कि इस तकनीक का मुख्य उद्देश्य समय रहते बीमारी को पकड़ना है ताकि उपचार को अधिक प्रभावी बनाया जा सके। वहीं, एनएम मेडिकल के चेयरमैन डॉ. नीलेश शाह ने जोर दिया कि शुरुआती दौर में ही कैंसर का पता चलना मरीज की जान बचाने के लिए सबसे महत्वपूर्ण होता है।
एनएम मेडिकल की ब्रेस्ट इमेजिंग कंसल्टेंट डॉ. शिल्पा लाड के अनुसार, यह मशीन मरीजों के अनुभव को पूरी तरह बदलने वाली है। उन्होंने कहा, “साफ इमेज और कम रेडिएशन के साथ, यह तकनीक महिलाओं का भरोसा जीतने और उन्हें बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने में बड़ी भूमिका निभाएगी।”
यह तकनीक न केवल चिकित्सा क्षेत्र में एक बड़ा बदलाव है, बल्कि उन हजारों महिलाओं के लिए उम्मीद की किरण है जो ब्रेस्ट कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रही हैं या उनके जोखिम में हैं।
-अनिल बेदाग


