आगरा: कमला नगर स्थित गायत्री शक्तिपीठ, बालाजी नगर में रविवार को उस समय एक अनुपम आध्यात्मिक ऊर्जा और उल्लास का संचार हुआ, जब शांतिकुंज हरिद्वार से आया हुआ पावन शक्ति कलश वहाँ पहुँचा। यह पावन शक्ति कलश आगामी ‘251 कुण्डीय राष्ट्र शौर्य समृद्धि गायत्री महायज्ञ’ की दिव्य श्रृंखला के अंतर्गत क्षेत्र में भ्रमण पर है।
भव्य स्वागत और वैदिक मंत्रोच्चार के साथ कलश स्थापना
रविवार को यह पावन शक्ति कलश प्रज्ञा पीठ, सेक्टर-5, आवास विकास कॉलोनी से प्रस्थान कर कमला नगर स्थित गायत्री शक्तिपीठ पहुँचा। शक्तिपीठ परिसर में उपस्थित बड़ी संख्या में श्रद्धालु परिजनों ने पूरे हर्षोल्लास, शंखध्वनि, ढोल-नगाड़ों और पुष्पवर्षा के साथ इस दिव्य कलश का भव्य स्वागत किया। इसके उपरांत, विद्वान आचार्यों के वैदिक मंत्रोच्चार के बीच शक्ति कलश को शक्तिपीठ में पूर्ण आदर और श्रद्धा के साथ स्थापित किया गया।
सामूहिक दीपयज्ञ का आयोजन
इस पावन अवसर पर कमला नगर क्षेत्र के लगभग 60 से 70 श्रद्धालुओं (परिजनों) ने अत्यंत उत्साह के साथ सहभागिता की। शक्तिपीठ परिसर में एक वृहद और भव्य दीपयज्ञ का आयोजन किया गया, जिसमें सभी उपस्थित श्रद्धालुओं ने सामूहिक रूप से दीप प्रज्वलित कर आहुतियाँ दीं और राष्ट्र की सुख, शांति, समृद्धि व शौर्य के लिए विशेष प्रार्थना की।
वरिष्ठ कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन और संदेश
दीपयज्ञ का सफल एवं सुव्यवस्थित संचालन वरिष्ठ कार्यकर्ता श्री सुरेन्द्र शर्मा द्वारा किया गया। उन्होंने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए आगामी महायज्ञ के आध्यात्मिक महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। श्री शर्मा ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि दिव्य शक्तियों से अभिमंत्रित इस शक्ति कलश का भ्रमण अधिक से अधिक क्षेत्रों और कॉलोनियों में कराया जाना चाहिए, ताकि जन-जन तक गायत्री माता और शांतिकुंज हरिद्वार का दिव्य संदेश पहुँच सके।
सराहनीय व्यवस्था और प्रबंधन
पूरे कार्यक्रम को गरिमापूर्ण और सुचारू रूप से संपन्न कराने में गायत्री शक्तिपीठ के व्यवस्थापक श्री कैलाश चंद्र जी की मुख्य भूमिका रही। उन्होंने आगंतुक श्रद्धालुओं के बैठने, दर्शन करने और दीपयज्ञ से जुड़ी समस्त व्यवस्थाओं को बेहद कुशलता और तन्मयता से संभाला। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया, जिससे पूरे क्षेत्र का वातावरण भक्तिमय और सकारात्मक ऊर्जा से सराबोर हो गया।
