अछनेरा: विकासखंड अछनेरा के अंतर्गत आने वाले ग्राम सहाई में घर के भीतर सो रहे 42 वर्षीय किसान व साधु प्रवृत्ति के धर्मवीर की सनसनीखेज हत्या के मामले में स्थानीय पुलिस ने महज चौबीस घंटे के भीतर ही पूरी घटना का पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस के मुताबिक, करोड़ों रुपये की बेशकीमती जमीन के विवाद और लालच के चलते मृतक के ही भतीजे दुष्यंत ने अपने साथी शिवम के साथ मिलकर घर में रखे सिलबट्टे से सिर पर बेरहमी से प्रहार कर इस खौफनाक हत्याकांड को अंजाम दिया था। पुलिस ने बीती देर रात मुख्य साजिशकर्ता भतीजे दुष्यंत को गिरफ्तार कर लिया, जबकि शनिवार सुबह उसके दोस्त शिवम को भी दबोच लिया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, मृतक धर्मवीर अविवाहित थे और गांव में अकेले ही जीवन व्यतीत कर रहे थे। उनकी माता ज्ञानवती के निधन के बाद उनका मोह सांसारिक प्रपंचों से पूरी तरह उठ चुका था, जिसके बाद वह पूरी तरह पूजा-पाठ में लीन हो गए और एक साधु की भांति जीवन जीने लगे थे। वे खेत पर बने मंदिर की देखरेख व सेवा-पूजा करते थे और वहीं बने मकान में रहकर अपना समय बिता रहे थे।
धर्मवीर चार भाइयों में सबसे छोटे थे। उनके बड़े भाइयों में राजकुमार, वासुदेव और देशराज शामिल हैं। बीती शुक्रवार की सुबह जब धर्मवीर रोज की भांति अपने पशुओं को चारा डालने के लिए नहीं पहुंचे, तो उनके भतीजे सौरभ ने उनके मोबाइल पर कई बार संपर्क साधने की कोशिश की, लेकिन फोन रिसीव नहीं हुआ। इसके बाद जब सौरभ उनके घर पहुंचा, तो मुख्य दरवाजा भीतर से बंद मिला। काफी आवाजें लगाने के बाद भी जब अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई, तो उसने आसपास के लोगों को इकट्ठा किया। शोर-शराबा होने पर परिजन मौके पर पहुंचे और दीवार फांदकर जब अंदर दाखिल हुए, तो वहां धर्मवीर का खून से लथपथ शव देखकर उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। परिवार में कोहराम मच गया और चीख-पुकार मच गई।
फुटप्रिंट और फॉरेंसिक जांच से खुला राज
घटना की सूचना मिलते ही डीसीपी पश्चिम आदित्य सिंह भारी पुलिस बल के साथ फौरन मौके पर पहुंचे। इसके साथ ही डॉग स्क्वायड और फॉरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल पर पहुंचकर बारीकी से साक्ष्य जुटाए।
जांच के दौरान फॉरेंसिक टीम को फर्श पर एक विशेष स्थान पर भारी मात्रा में खून और आसपास खून के छींटे मिले। आंगन से कमरे की तरफ जाने वाले रास्ते पर एक जूते का फुटप्रिंट (निशान) भी बरामद हुआ, जिससे पुलिस को हमलावर के जूतों के आकार और सुराग की अहम जानकारी हाथ लग गई।
पूछताछ में आरोपियों ने कबूला जुर्म
पुलिस पूछताछ के दौरान मुख्य आरोपी दुष्यंत ने सनसनीखेज खुलासा करते हुए बताया कि वह गुरुवार की रात करीब साढ़े दस बजे अपने दोस्त शिवम के साथ चाचा धर्मवीर के घर पर पहुंचा था। दोनों वहां छिपकर बैठ गए और जैसे ही धर्मवीर घर लौटे, दोनों ने मिलकर उन पर हमला बोल दिया। दुष्यंत ने किचन में रखे सिलबट्टे को उठाकर उनके सिर पर ताबड़तोड़ कई वार किए, जिससे मौके पर ही उनकी दर्दनाक मौत हो गई। वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों शातिर मौके से फरार हो गए थे।
जमीन का विवाद बना हत्या की वजह
पुलिस के अनुसार, मृतक धर्मवीर के नाम करीब तीन बीघा कृषि भूमि थी, जिसकी मौजूदा बाजार कीमत करोड़ों रुपये आंकी जा रही है। बताया जा रहा है कि धर्मवीर ने कुछ समय पूर्व अपना एक अन्य खेत भी बेच दिया था, जिसको लेकर दुष्यंत के साथ उनका अक्सर विवाद होता रहता था।
पूछताछ में दुष्यंत ने पुलिस के सामने यह भी कुबूला कि उसे यह आशंका सता रही थी कि कहीं चाचा उसकी हत्या न कर दें, इसलिए उसने पहले ही इस खौफनाक वारदात को अंजाम दे डाला। डीसीपी पश्चिम आदित्य सिंह ने बताया कि धर्मवीर हत्याकांड में संलिप्त उनके भतीजे दुष्यंत और उसके सहयोगी शिवम को गिरफ्तार कर लिया गया है औऱ विधिक कार्यवाई की जा रही है ।
