देवदूत बनी आगरा पुलिस: फांसी के फंदे पर झूलने ही वाला था शख्स, 112 की टीम ने मौके पर पहुंचकर बचाई जान

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आगरा: ताजनगरी के किरावली थाना क्षेत्र से पुलिस की संवेदनशीलता और मुस्तैदी की एक ऐसी मिसाल सामने आई है, जिसने खाकी के प्रति विश्वास को और मजबूत कर दिया है। ग्राम घड़ी विचित्र में पारिवारिक तनाव से टूट चुके एक व्यक्ति ने जब जीवन लीला समाप्त करने का आत्मघाती कदम उठाया, तो सूचना मिलते ही किरावली पुलिस ‘देवदूत’ बनकर पहुँच गई और उसे फांसी के फंदे से सुरक्षित नीचे उतार लिया।

​पारिवारिक तनाव ने बनाया मौत का मन

मिली जानकारी के अनुसार, घड़ी विचित्र निवासी 48 वर्षीय संतोष सिंह पिछले कुछ समय से गंभीर पारिवारिक कलह और मानसिक तनाव के दौर से गुजर रहे थे। मंगलवार को अवसाद के चरम पर पहुंचकर उन्होंने घर के भीतर फांसी लगाकर आत्महत्या का प्रयास किया। जैसे ही इसकी भनक स्थानीय लोगों को लगी, बिना देरी किए यूपी-112 को सूचना दी गई।

वक्त रहते पहुंची पुलिस और लौट आईं सांसें

कंट्रोल रूम से मैसेज मिलते ही किरावली पुलिस और पीआरवी की टीम पलक झपकते ही मौके पर पहुंच गई। पुलिसकर्मियों ने गजब की फुर्ती दिखाते हुए संतोष सिंह को फंदे से उतारा। गनीमत रही कि पुलिस बिल्कुल सही समय पर पहुंची और संतोष की जान बच गई। इसके बाद पुलिस ने उन्हें न केवल शांत कराया, बल्कि काफी देर तक उनकी काउंसिलिंग भी की ताकि वे दोबारा ऐसा कदम न उठाएं।

​परिजनों के सुपुर्द और सराहना

पूरी तरह सामान्य होने के बाद पुलिस ने संतोष सिंह को उनके छोटे भाई रोहिताश सिंह के सुपुर्द कर दिया। इस मानवीय कार्य को देख ग्रामीणों और परिजनों की आंखें भर आईं। इलाके के लोगों ने किरावली पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की जमकर प्रशंसा की है। लोगों का कहना है कि यदि पुलिस एक मिनट भी देर करती, तो घड़ी विचित्र में मातम पसर जाता।