आगरा: ताजनगरी में वाहन चोरों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में मलपुरा पुलिस और सर्विलांस टीम को एक बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। पुलिस ने संयुक्त ऑपरेशन के दौरान मोटरसाइकिल चोरी करने वाले एक ऐसे गिरोह का पर्दाफाश किया है जो न केवल गाड़ियां चुराता था, बल्कि उन्हें काटकर कबाड़ के भाव बेच देता था। पुलिस ने गिरोह के 5 सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया है, जो दिलचस्प रूप से एक ही गांव के रहने वाले हैं।
पार्ट्स काटकर ठिकाने लगाने का शातिर तरीका
पकड़े गए अभियुक्तों ने पूछताछ में चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। यह गिरोह बेहद सुनियोजित तरीके से वारदातों को अंजाम देता था। गैंग के चार सदस्य भीड़भाड़ वाले इलाकों से बाइक उड़ाते थे, जबकि पांचवां सदस्य उन गाड़ियों को काटने और उनके पुर्जे (पार्ट्स) अलग करने में माहिर था। गाड़ियों को काटकर उनके पार्ट्स कबाड़ियों को बेच दिए जाते थे, जिससे पहचान मिटाना आसान हो जाता था और इन्हें मोटी कमाई भी होती थी।
सिकंदरा से मलपुरा तक सक्रिय था गिरोह
इस गिरोह का नेटवर्क शहर के अलग-अलग इलाकों में फैला हुआ था। आरोपियों ने कबूल किया है कि महज 4-5 दिन पहले ही उन्होंने सिकंदरा क्षेत्र से भी एक मोटरसाइकिल चोरी की थी। जांच में यह भी पता चला है कि गिरोह के दो सदस्यों पर पहले से ही मारपीट और अन्य आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं, जिससे उनके पुराने आपराधिक इतिहास की पुष्टि होती है।
बरामदगी और पुलिसिया कार्रवाई
डीसीपी वेस्ट आदित्य ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि 1 मई को थाना मलपुरा क्षेत्र में हुई एक बाइक चोरी की शिकायत के बाद पुलिस और सर्विलांस की विशेष टीम गठित की गई थी। टीम ने मुखबिर की सूचना और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर घेराबंदी कर पांचों को दबोच लिया। इनके कब्जे से 3 चोरी की मोटरसाइकिल, 5 मोबाइल फोन और कुछ नकदी बरामद की गई है।
सलाखों के पीछे पहुँचे आरोपी
पुलिस ने सभी पांचों अभियुक्तों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश किया, जहाँ से उन्हें जेल भेज दिया गया है। पुलिस का मानना है कि इन आरोपियों से गहन पूछताछ में शहर में हुई कई अन्य वाहन चोरी की वारदातों का भी खुलासा हो सकता है।


