आगरा। अंतर्राष्ट्रीय हिंदू परिषद के अध्यक्ष डॉ. प्रवीण तोगड़िया ने बांग्लादेश में हिंदुओं और भारतीयों पर हो रहे कथित अत्याचारों को लेकर तीखी प्रतिक्रिया दी है। आगरा दौरे के दौरान मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि भारतीय सैनिकों के बलिदान से बने बांग्लादेश में आज हिंदू समाज और भारत से जुड़े लोगों के साथ अन्याय किया जा रहा है, जिसे किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता।
डॉ. तोगड़िया ने कहा कि वर्ष 1971 में भारतीय सेना के शौर्य और बलिदान से बांग्लादेश अस्तित्व में आया, लेकिन आज वहीं हिंदुओं पर अत्याचार की खबरें सामने आ रही हैं। उन्होंने इसे न केवल मानवाधिकारों का उल्लंघन बताया, बल्कि भारत के प्रति कृतघ्नता भी करार दिया।
अंतरराष्ट्रीय उदाहरण का हवाला
मीडिया से बातचीत के दौरान डॉ. तोगड़िया ने अंतरराष्ट्रीय परिप्रेक्ष्य का उल्लेख करते हुए कहा कि जिस तरह अमेरिका ने वेनेजुएला के मामले में सख्त रुख अपनाया, उसी तरह भारत सरकार को भी बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार के आरोपों को गंभीरता से लेना चाहिए। उन्होंने मांग की कि भारत सरकार इस मुद्दे पर कड़ा रुख अपनाए और बांग्लादेश की सरकार पर दबाव बनाए।
आगरा में नागरिकों से मुलाकात
डॉ. प्रवीण तोगड़िया आगरा प्रवास के दौरान किशन सिंह टायर हाउस प्रतिष्ठान पर पहुंचे, जहां उन्होंने मनोज ठाकुर सहित कई प्रमुख नागरिकों से भेंट की। इस दौरान बांग्लादेश की वर्तमान स्थिति, हिंदुओं की सुरक्षा और भारत की भूमिका को लेकर विस्तृत चर्चा हुई।
अंतरराष्ट्रीय मंचों पर मुद्दा उठाने की मांग
उन्होंने केंद्र सरकार से आग्रह किया कि बांग्लादेश में हिंदुओं और भारतीयों के साथ हो रहे कथित अन्याय को अंतरराष्ट्रीय मंचों पर प्रभावी ढंग से उठाया जाए और वहां की सरकार पर कूटनीतिक दबाव बनाया जाए, ताकि अल्पसंख्यकों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
लव जिहाद पर भी दिया बयान
लव जिहाद के मुद्दे पर डॉ. तोगड़िया ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय हिंदू परिषद किसी भी हिंदू बेटी को इसका शिकार नहीं बनने देगी। उन्होंने दावा किया कि संगठन समाज को एकजुट कर जागरूकता अभियान चला रहा है, ताकि बेटियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
डॉ. तोगड़िया के इस बयान के बाद राजनीतिक और सामाजिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है, जबकि उनके समर्थकों ने इसे हिंदू समाज की सुरक्षा से जुड़ा अहम मुद्दा बताया है।

