आगरा। गोकुलपुरा स्थित प्राचीन श्री कैला देवी मंदिर के स्थापना दिवस के अवसर पर चैत्र नवरात्रि की पंचमी को कैला माँ की कलश यात्रा निकाली गई। दोपहर 12 बजे से पारंपरिक परिधान में भक्त कंघी गली स्थित कैला देवी मंदिर पर इकट्ठा हुए।
सिर पर कैला माँ का कलश लिए हुए भक्तों का हुजूम ढोल-नगाड़ों की धुन पर नाचते-गाते निकल पड़ा। “जय कैला मैया” का जयघोष करते हुए श्रद्धालु आगे बढ़े। कलश यात्रा जिस मार्ग से निकली, वहां देखने व स्वागत करने वालों की भीड़ उमड़ पड़ी। भक्तों ने भक्ति भाव से यात्रा में बग्गी पर विराजमान राज राजेश्वरी कैला माँ के दर्शन किए। राजा की मंडी बाजार में व्यापारियों ने जगह-जगह पुष्प वर्षा कर स्वागत किया।
महंत सागर भगत ने कहा कि कैला माँ की भक्ति करने से बड़े से बड़े कष्ट दूर हो जाते हैं। माँ के दरबार में आकर असीम शांति की अनुभूति होती है। कलश यात्रा में उत्साह से परिपूर्ण लगभग 101 महिलाओं के साथ पुरुषों ने भाग लिया। यात्रा पुनः प्राचीन कैला देवी मंदिर पर पहुँच कर समाप्त हुई। समापन पर कैला मैया की महाआरती कर प्रसाद वितरित किया गया। इस अवसर पर प्रतिमा मित्तल, अमित यादव, शैलेन्द्र सिंघल, मंजू यादव, दीपक यादव, अनुराग मित्तल, शोभा, ज्योति, ममता, मंजू, बित्ती आदि मौजूद रहे।