लखनऊ: उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने सोमवार को राज्य की प्रशासनिक मशीनरी को गति देने के उद्देश्य से एक बड़ा फेरबदल किया है। शासन द्वारा जारी निर्देशों के तहत, महज 12 घंटे की अल्प अवधि के भीतर कुल 363 पीसीएस (प्रांतीय सिविल सेवा) अधिकारियों के कार्यक्षेत्र में बदलाव किया गया है। सोमवार को ही 181 अधिकारियों के तबादले की सूची जारी की गई, जो इससे पहले हुई नियुक्तियों का ही अगला चरण है।
इस बड़े प्रशासनिक बदलाव के जरिए सरकार ने कई तहसीलों के उप जिलाधिकारियों (एसडीएम) को नई जिम्मेदारी सौंपी है। तबादला सूची के अनुसार, प्रशासनिक कार्यों में सक्रियता लाने के लिए बड़ी संख्या में एसडीएम को एक जनपद से दूसरे जनपद में भेजा गया है। इसके अलावा, नगर निगमों, विकास प्राधिकरणों और अन्य महत्वपूर्ण सरकारी संस्थानों में तैनात अधिकारियों को कार्यमुक्त कर नई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां दी गई हैं।
तबादलों के इस दौर में अयोध्या समेत कई प्रमुख जिलों में बड़े बदलाव देखने को मिले हैं। अयोध्या के एसडीएम राम प्रसाद त्रिपाठी को अब मथुरा की जिम्मेदारी सौंपी गई है, वहीं मिर्जापुर के एसडीएम संजीव कुमार यादव को अयोध्या भेजा गया है। इसी क्रम में, बुंदेलखंड औद्योगिक विकास प्राधिकरण में ओएसडी के पद पर तैनात लालकृष्ण को अब अयोध्या के एसडीएम के रूप में नई तैनाती दी गई है।
साथ ही, कुशीनगर के एसडीएम विनोद कुमार गुप्ता का स्थानांतरण भी अयोध्या किया गया है। लखनऊ, वाराणसी, गोरखपुर, सीतापुर, बाराबंकी, हरदोई और बुलंदशहर जैसे प्रमुख जिलों में भी प्रशासनिक ढांचे को दुरुस्त करने के लिए कई अधिकारियों को इधर से उधर किया गया है। शासन का मानना है कि यह फेरबदल प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने और कामकाज में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।


