आगरा-ग्वालियर हाईवे पर भीषण अग्निकांड: तीन मंजिला मार्केट में लगी आग, लाइब्रेरी में फंसे बच्चों को बाल-बाल बचाया गया

स्थानीय समाचार

आगरा। आगरा-ग्वालियर हाईवे पर शनिवार को उस समय स्थिति भयावह हो गई, जब ककुआ चौकी के समीप स्थित एक तीन मंजिला व्यावसायिक मार्केट भीषण अग्निकांड का शिकार हो गया। आग ने इतनी तेजी से विकराल रूप धारण किया कि देखते ही देखते आसमान में काले धुएं का गुबार छा गया। इस घटना से न केवल स्थानीय लोगों में अफरा-तफरी मच गई, बल्कि हाईवे पर आवागमन करने वाले राहगीरों में भी दहशत फैल गई।

​लाइब्रेरी में फंसे थे छात्र

यह मार्केट अपनी व्यावसायिक गतिविधियों के लिए जाना जाता है, जिसमें नीचे दुकानों के साथ-साथ एक लाइब्रेरी भी संचालित होती है। घटना के समय लाइब्रेरी में बड़ी संख्या में छात्र अपनी पढ़ाई में मग्न थे। आग की लपटें और धुएं को देखते ही वहां भगदड़ मच गई। जान बचाने के लिए छात्र बदहवास होकर बाहर की ओर दौड़े।

स्थानीय निवासियों और वहां मौजूद लोगों की तत्परता और साहस के चलते सभी छात्रों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। इसके साथ ही, भवन की सबसे ऊपरी मंजिल पर रह रहे दो परिवारों को भी समय रहते सही-सलामत बचा लिया गया। गनीमत रही कि इस जानलेवा हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई।

​प्लास्टिक के सामान ने दी आग को हवा

जानकारों का कहना है कि मार्केट में प्लास्टिक दाने का कारोबार होता था। ज्वलनशील पदार्थ होने के कारण आग पल भर में बेकाबू हो गई। लपटों की तीव्रता इतनी अधिक थी कि व्यापारियों को अपना कीमती सामान बचाने का मौका तक नहीं मिला। आग की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इसकी लपटें कई किलोमीटर दूर से दिखाई दे रही थीं। शुरुआती अनुमानों के अनुसार, व्यापारियों को लाखों रुपये के आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ा है।

दमकल की कई गाड़ियां जुटीं बचाव कार्य में

घटना की सूचना मिलते ही थाना मलपुरा पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुँची। आग पर काबू पाने के लिए दमकल की कई गाड़ियां तैनात की गईं। बचाव दल ने घंटों कड़ी मशक्कत करते हुए पानी की बौछार से आग को फैलने से रोका। पुलिस ने एहतियात के तौर पर हाईवे पर ट्रैफिक को नियंत्रित किया और भीड़ को घटनास्थल से दूर रखा ताकि राहत कार्यों में कोई बाधा न आए।

क्या रही आग की वजह?

फिलहाल प्रशासन आग लगने के कारणों की गहन जांच कर रहा है। शुरुआती तौर पर इसे शॉर्ट-सर्किट का नतीजा माना जा रहा है, लेकिन विस्तृत जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट होगी। देर शाम तक आग बुझाने के बाद दमकल विभाग द्वारा कूलिंग का कार्य जारी रहा। इस हादसे ने एक बार फिर व्यावसायिक परिसरों में अग्निशमन सुरक्षा मानकों को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।