घोड़ी चढ़ने का हक़ और 34 साल बाद मिला इंसाफ़: अब कानून ने भी थक कर हाथ खड़े कर दिए ?

पनवारी गांव, आगरा। यह सिर्फ एक जगह का नाम नहीं है, बल्कि उस समाज की एक कड़वी सच्चाई का प्रतीक है, जहाँ घोड़ी चढ़ने का अधिकार भी जाति देखकर तय होता है। 1990 में हुई एक घटना पर 34 साल बाद कोर्ट का फैसला आता है और फिर कुछ ही दिनों में 35 दोषियों को […]

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आगरा ADA का अटल का ‘पुरम’ क्या अधूरे सपनों का ‘अड्डा’

आगरा: बरसों के इंतजार के बाद, आखिरकार आगरा विकास प्राधिकरण (ADA) ने अपनी ‘अटलपुरम’ योजना का झुनझुना बजा ही दिया। सुनने में बड़ा भारी-भरकम नाम लगता है, ‘अटलपुरम’। मानो कोई नया शहर नहीं, बल्कि एक नया युग शुरू होने जा रहा हो, जहां सब कुछ ‘अटल’ रहेगा—अटल योजनाएं, अटल वादे और जनता की अटूट निराशा। […]

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दिल्ली गैस चैंबर में तब्दील, सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली-NCR में 10-12 तक के स्कूलों को बंद करने का दिया आदेश

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 43 बार टाली जमानत: सीजेआई का कड़ा वार और लोकतंत्र से जुड़ा असहज सवाल

देश के मुख्य न्यायाधीश (CJI) जस्टिस बी.आर. गवई और जस्टिस एन.वी. अंजारिया की बेंच ने इलाहाबाद हाईकोर्ट पर एक टिप्पणी की है, जिसकी गूंज अदालतों की दीवारों से बाहर, लोकतंत्र की आत्मा तक सुनाई देनी चाहिए। मामला किसी साधारण बहस का नहीं था, बल्कि एक इंसान की ‘व्यक्तिगत स्वतंत्रता’ का था। लेकिन हाईकोर्ट ने इसे […]

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विज्ञान या आस्था: केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर के बयान पर उठते सवाल

क्या आज भारत की राजनीति में इतिहास और विज्ञान के बीच की रेखा इतनी धुंधली हो गई है कि एक केंद्रीय मंत्री छात्रों के सामने मनगढ़ंत दावे पेश कर रहे हैं? हाल ही में भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर ने एक स्कूल कार्यक्रम में बच्चों के ज्ञान पर सवाल उठाते हुए जो बयान दिया, वह चिंताजनक […]

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जब कबाड़ भी ‘धर्मनिरपेक्ष’ होने की बात करने लगा…

आगरा, : क्या हमारे शहर अब सिर्फ़ ‘धर्म विशेष’ के कबाड़ को ही पहचान पाएंगे? क्या कबाड़ में भी धर्म का रंग होता है? अगर होता है, तो नगर निगम को यह किसने बताया? रविवार को आगरा में कुछ ऐसे ही सवाल उठे। जब अखिल भारतीय हिंदू महासभा ने नगर निगम पर आरोप लगाया कि […]

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विपक्ष की ‘एकता’ पर 130वें संविधान संशोधन का वज्रपात!

नई दिल्ली: लगता है दिल्ली की गलियों में हवा कुछ बदल गई है। विपक्ष की जो एकता कुछ दिनों पहले तक बड़े-बड़े होर्डिंगों पर मुस्कुरा रही थी, वो अब धीरे-धीरे बिखरती नजर आ रही है। कारण? केंद्र सरकार द्वारा लाया गया 130वां संविधान संशोधन बिल, जिसमें प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री और मंत्रियों को 30 दिन की नजरबंदी […]

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क्या आपका फ़ोन भी आपसे बात करना बंद कर देगा? एक सॉफ़्टवेयर अपडेट और हम सब ‘डिजिटल’ तोते बन गए!

नई दिल्ली: नमस्कार, देखिए, आज-कल एक अजीब कहानी चल रही है. आपके फ़ोन में, मेरे फ़ोन में, और देश में लाखों लोगों के एंड्रॉयड फ़ोन में. अचानक फ़ोन का चेहरा-मोहरा बदल गया है. कॉल करते समय या कॉल आती है तो स्क्रीन पर कुछ नया ही दिख रहा है. लोगों का दिमाग़ चकरा गया है. […]

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लोकतंत्र को बीमार कर रही प्रेस पर पाबंदी…क्या पत्रकारों की कलम बंद करने से देश आगे बढ़ेगा?

दुनिया के कई देशों में इन दिनों प्रेस की स्वतंत्रता को लेकर व्यापक चर्चा हो रही है. खासकर भारत जैसे दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र में, जहां सरकार की नीतियों की आलोचना करने और उनकी कार्यशैली पर सवाल उठाने पर पत्रकारों पर बड़े पैमाने पर मुक़दमे दर्ज किए जा रहे हैं. इसका सीधा असर विश्व […]

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आगरा में 80 मिनट के गोल्डन पीरियड का फायदा उठाएगा खास: क्या आम आदमी की जान की कीमत नहीं?

आगरा: एक शाम आगरा में एक सैनिक की जिंदगी बचाने के लिए जैसी तत्परता और व्यवस्था देखने को मिली, उसने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। एक तरफ जहां सेना के एक जवान को दिल का दौरा पड़ने पर 80 मिनट के ‘गोल्डन पीरियड’ में स्टेंट डालकर उनकी जान बचाई गई, वहीं दूसरी तरफ इसी […]

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टिकटॉक की ‘वापसी’: क्या यह सिर्फ एक तकनीकी गड़बड़ी है या चीन से ‘बदला’ हुआ प्रेम?

दिल्ली: तो जनाब, एक बार फिर वही पुरानी कहानी। चीन से आया था एक तूफ़ान, नाम था टिकटॉक। 2020 में गलवान में कुछ हुआ और हमारे देश की सरकार ने एक झटके में 59 चीनी ऐप्स को ‘राष्ट्रीय सुरक्षा’ का हवाला देकर बैन कर दिया। वाह! क्या दिन थे वो भी। देश की संप्रभुता और […]

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